शिमला। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद सुरेश कश्यप ने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर द्वारा वित्तीय वर्ष 2021-22 के लिए प्रस्तुत बजट को सर्ववर्गहितकारी एवं ऐतिहासिक बजट बताया है। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के कारण उत्पन्न हुई विकट वित्तीय स्थिति के बावजूद भी 50,192 करोड़ का बजट प्रस्तुत करना अपनेआप में साहसिक कार्य है और यह बजट पिछले बजट से अधिक है।
भाजपा अध्यक्ष ने बजट पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि इस बजट में महिला सशक्तिकरण, सामाजिक सुरक्षा विस्तार, स्वास्थ्य सेवाओं का सुदृढ़ीकरण एवं विस्तार, किसानों की आय में वृद्धि, स्वर्ण जयंती आश्रय योजना, रोजगार सृजन, औद्योगिक विकास व आधारभूत ढांचे पर बल, शिक्षा में गुणवत्ता आदि प्रमुख बिंदुओं पर आधारित बजट है। उन्होंने कहा कि महिला कल्याण एवं सशक्तिकरण के लिए ’स्वर्ण जयंती नारी संबल योजना’ के तहत 65-69 वर्ष की वरिष्ठ महिलाओं को एक हजार रुपए मासिक सामाजिक सुरक्षा पेंशन का प्रावधान किया गया है। शगुन नाम से नई योजना आरंभ की गई है, जिसके तहत अनुसूचित जाति, जनजाति तथा अन्य पिछड़ा वर्ग के बीपीएल परिवारों की बेटियों को विवाह के समय 31 हजार रुपए का अनुदान दिया जाएगा। हिमाचल गृहणी योजना के तहत 3 लाख परिवारों को गैस रिफिल अगले वर्ष भी दिया जाएगा। सुरेश कश्यप ने कहा कि प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सुदृढ़ करने की दृष्टि से आईजीएमसी में पीईटी स्कैन सुविधा, टांडा मैडिकल काॅलेज में सीटी स्कैन तथा एमआरआई मशीने तथा हमीरपुर व नाहन मैडिकल काॅलेज में सीटी स्कैन मशीने लगाई जाएंगी। इसी के साथ कसुम्पटी विधान सभा क्षेत्र के चमयाणा में सुपर स्पेशिलिटि अस्पताल, आईजीएमसी के ओ0पी0डी0 ब्लाॅक तथा ट्राॅमा सैन्टर का इसी वर्ष शुभारंभ किया जाएगा जिससे प्रदेश के लोगों को और बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदेश के अंदर ही मिल जाएगी। किसानों की आय में वृद्धि तथा उनको सशक्त व समृद्ध बनाने के लिए इस बजट में पर्याप्त प्रावधान किया गया है।
भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि प्रदेश के युवाओं को रोजगार उपलब्ध करवाने के लिए आगामी वित्त वर्ष में विभिन्न विभागों में 30 हजार से अधिक पदों को भरा जाएगा जिससे प्रदेश का युवा स्वावलंबी बनेगा। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा प्रस्तुत बजट में औद्योगिक विकास व आधारभूत ढांचे पर भी बल दिया गया है तथा इसके लिए बजट में उचित प्रावधान किए गए हैं। उन्होंने कहा कि इस बजट में शिक्षा को और अधिक गुणवत्तापूर्ण बनाने की दृष्टि से विभिन्न योजनाओं की शुरुआत की गई है, जिससे विद्यार्थियों को आगे बढ़ने का प्रोत्साहन भी मिलेगा और प्रदेश की शिक्षा प्रणाली और प्रभावी होगी। उन्होंने कहा कि अब सरकारी स्कूल के बच्चों को भी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए कोचिंग एवं कैरियर काउंसलिंग की सुविधा दी जाएगी। उन्होंने कहा कि तकनीकी शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए प्रदेश में 8 नए तकनीकी शिक्षा संस्थान जनता को समर्पित किए जाएंगे। उन्होंने आईटी एवं एसएमसी शिक्षकों के मानदेय में बढ़ोतरी के निर्णय का भी स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि इस बजट में कई ऐसे प्रावधान किए गए हैं, जिससे प्रदेश का हर वर्ग लाभान्वित होगा। उन्होंने इस बजट को विकासोन्मुखी, सर्वस्पर्शी एवं हिमाचल को शिखर की ओर ले जाने वाला बजट बताया है।
