शिमला। कांग्रेस विधायक विक्रमादित्य सिंह ने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर पर आरोप लगाया है कि वह पूर्व वीरभद्र सिंह सरकार के कार्यकाल में हुए उन्हीं शिलान्यासों पर अपनी पट्टिका लगा रही है, जिनका पूर्व कांग्रेस सरकार शिलान्यास कर चुकी है। उन्होंने कहा है कि मुख्यमंत्री अपने कार्यालय में बैठकर ऑनलाइन शिलान्यास कर लोगों को गुमराह कर रहे हैं।
विक्रमादित्य सिंह ने आज यहां कहा कि मुख्यमंत्री ने गत दिनों जिस बाग से कयालू संपर्क सड़क की आधारशिला रखी है, उसकी आधारशिला पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने 3 जुलाई 2017 को रखी थी। उस समय इसका निर्माण कार्य भी शुरू हो गया था। प्रदेश में सत्ता परिवर्तन के चलते भाजपा सरकार ने इसके निर्माण को रोक दिया। उन्होंने कहा कि आज तीन साल बाद सरकार को इस सड़क की याद आई और आनन-फानन में मुख्यमंत्री ने इस सड़क की फिर से आधारशिला रख दी।
विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि इस सम्पर्क सड़क का लगभग 2.5 किलोमीटर कार्य पूरा हो चुका है। उनका कहना था कि इस सम्पर्क सड़क को वर्ष 2015-16 में विधायक प्राथमिकता में डाल गया था। उन्होंने कहा कि विकास के नाम पर जयराम सरकार लोगों को गुमराह करने का पूरा प्रयास कर रही है, जबकि उनके इस कार्यकाल में कोई भी नई योजना या विकास कार्य शुरू नहीं हुआ है, जिसे वह अपना नाम दे सके। विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि अच्छा होता अगर मुख्यमंत्री इस सड़क या उन सभी योजनाओं को पूरा कर लोगों को समर्पित करते जो पूर्व सरकार ने शुरू की थी। उन्होंने कहा कि पूर्व सरकार की पट्टिकाओं के ऊपर अपने नाम की पटिका लगाकर वह लोकतंत्र का अपमान कर रहे हैं।
मंडी के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे का क्या हुआ
विक्रमादित्य सिंह ने मुख्यमंत्री से जानना चाहा कि वह बताए कि मंडी में अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के निर्माण का क्या हुआ। उन्होंने कहा कि मनाली से लाहौल-स्पीति को जोड़ने वाली देश की सबसे बड़ी रोहतांग सुरंग भी पूर्व केंद्र की यूपीए सरकार की ही देन है, जो आज लगभग बनकर तैयार हो गई है। इस सुरंग की आधारशिला तत्कालीन यूपीए अध्यक्ष सोनिया गांधी ने 28 जून 2010 को रखी थी। उनका कहना था कि कांग्रेस की सोच हमेशा ही विकास की रही है न कि पट्टिकाओं में नाम लिखवाने की।
