शिमला। भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा ने सोमवार को हिमाचल प्रदेश के लिए दो ऑक्सीजन प्लांट्स का वर्चुअल शिलान्यास किया। साथ ही हिमाचल के लिए कोविड राहत सामग्री को भी रवाना किया। इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर और प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सुरेश कश्यप भी वर्चुअली उपस्थित थे। ये ऑक्सीजन प्लांट्स हिमाचल से सांसद और केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर के सहयोग से लगाए जा रहे हैं। ये दो पीएसए ऑक्सीजन प्लांट्स हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर और हमीरपुर जिले में लगाए जा रहे हैं । इन दोनों पीएसए ऑक्सीजन प्लांट की क्षमता 140-140 एलपीएम की होगी । एक ऑक्सीजन प्लांट 30 बेडों को एक साथ निर्बाध रूप से ऑक्सीजन की सप्लाई देगा । इस प्रकार कुल 60 बेड़ों को इस से लाभ मिलेगा ।
इस मौके पर जगत प्रकाश नड्डा ने कहा कि अनुराग ठाकुर ने जिस लगन और मेहनत से हिमाचल में जनता की सेवा के लिए कोविड राहत अभियान चलाया है, वह उल्लेखनीय है। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और मार्गदर्शन में देशभर में सेवा ही संगठन अभियान निरंतर चला रही है। उनके नेतृत्व में केंद्र की भारतीय जनता पार्टी की सरकार के 7 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में भाजपा ने तय किया था कि 30 मई को देश के एक लाख गांवों में पार्टी के कार्यकर्ता, सांसद, विधायक, मंत्री और पदाधिकारी जाएंगे और सेवा कार्य करेंगे।
नड्डा ने कहा कि अब तक 20 राज्यों की रिपोर्ट आ गई है और इन राज्यों से ही एक लाख से अधिक गांवों में पहुंच कर सेवा कार्य करने का हमारा लक्ष्य पूरा हो गया है। उनका कहना था कि जब सभी राज्यों से रिपोर्ट आ जाएगी तो ये आंकड़ा कहीं अधिक होगा। इसी तरह, पार्टी ने 28 मई से 30 मई तक देशभर में ब्लड डोनेशन कैंप आयोजित करके 50 हजार ब्लड यूनिट्स एकत्रित करने का लक्ष्य रखा था, जिसे भी पूरा करने में वे सफल रहे हैं। भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि कोविड मानव इतिहास की सबसे बड़ी त्रासदी बन कर आई है, लेकिन जिस तरह प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत सरकार ने 130 करोड़ देशवासियों को साथ में लेते हुए पूरी ताकत से लड़ाई लड़ी है, वह अद्भुत है। उन्होंने कहा कि इस आपदा ने मानवता को बहुत दंश दिए हैं। उनका कहना था कि इस वक्त देश की जनता के साथ उनके दुःख-दर्द में एकजुट हो खड़े हैं।
नड्डा ने कहा कि पिछले एक वर्ष में प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देशभर में कोविड से जुड़े इन्फ्रास्ट्रक्चर में व्यापक सुधार हुआ है। पहले जहां हमारी टेस्टिंग कैपेसिटी महज 1,500 प्रति दिन की थी, वहीं यह आंकड़ा अब बढ़कर 25 लाख प्रति दिन हो गया है। इसी तरह, पहले कोरोना टेस्टिंग के लिए महज एक ही लैब था, आज देश में 2,500 टेस्टिंग लैब्स हैं। देश में आइसोलेशन बेड्स की संख्या बढ़कर 14 लाख और आईसीयू बेड्स की संख्या भी बढ़कर 81,000 हो गई है। भारत पीपीई किट्स, फेस मास्क, सेनिटाइजर्स, वेंटीलेटर्स इत्यादि के मामले में आत्मनिर्भर बन चुका है।
भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी, दुनिया की अकेली ऐसी पार्टी है जो निरंतर जनता के दुःख-दर्द में शामिल होकर उनकी सेवा को ही अपना मंत्र मान कर कार्य कर रही है। कांग्रेस सहित कुछ अन्य विपक्षी पार्टियां या तो ट्विटर पर दिखती हैं या फिर वर्चुअल प्रेस कांफ्रेंस में। इन लोगों का बस एक ही काम रह गया है – सुबह को कुछ ट्वीट कर दो और बस राजनीति करते रहो। जेपी नड्डा ने कहा कि कोरोना संक्रमण के आते ही प्रधानमंत्री मोदी ने मेड इन इंडिया वैक्सीन के लिए कमर कसते हुए उद्यमियों और वैज्ञानिकों को इसके लिए प्रेरित किया और प्रोत्साहित किया। इसी का परिणाम रहा कि 9 महीनों में ही दो-दो मेड इन इंडिया वैक्सीन बन कर तैयार हो गई, लेकिन कांग्रेस सहित कुछ विपक्षी पार्टियों ने शुरू से ही इस प्रक्रिया का मजाक उड़ाया। यहां तक कि वैक्सीन को भी बदनाम किया गया। इसे मंजूरी देने की प्रक्रिया पर सवाल उठाकर देश को बदनाम करने की साजिश रची गई और लोगों को इस पर गुमराह किया गया, आज वही पार्टियां वैक्सीन पर हल्ला मचा रही हैं। आज 13 कंपनियां ये वैक्सीन बना रही हैं। इस साल के अंत तक वैक्सीनेशन की पूर्ण व्यवस्था हो जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के अथक प्रयासों से एक ही सप्ताह में ऑक्सीजन की किल्लत दूर हुई और तीन गुना से अधिक ऑक्सीजन का उत्पादन हुआ। पीएम केयर्स फंड की मदद से देशभर में 15 पीएसए ऑक्सीजन प्लांट्स लगाए जा रहे हैं। नड्डा ने हिमाचल सरकार से आग्रह किया कि प्रदेश के सभी मेडिकल कॉलेज और जिला अस्पतालों में ऑक्सीजन प्लांट्स जल्द से जल्द लग जाना चाहिए। उन्होंने मोदी सरकार ने ब्लैक फंगस को भी जड़ से खत्म करने की कमर कस ली है। अब देश में 9 कंपनियां इसकी मेडिसिन बना रही हैं।
जेपी नड्डा ने कहा कि उन्हें इस बात का संतोष है कि हिमाचल की भाजपा सरकार ने भी मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के नेतृत्व में कोविड संक्रमण को रोकने में काफी सराहनीय कार्य किया है। हिमाचल में अब तक लगभग 19 लाख लोगों की टेस्टिंग हुई है। 8 आरटी-पीसीआर टेस्ट सेंटर काम कर रहे हैं तथा लगभग 3,889 आइसोलेशन बेड्स और 287 आईसीयू बेड्स हैं। हिमाचल में तीन जगहों पर मेक शिफ्ट अरेंजमेंट के तहत काम हो रहा है। उन्होने आग्रह किया कि मेक शिफ्ट अरेंजमेंट को जारी रखना चाहिए, ताकि आवश्यकता पड़ने पर हमें किसी भी चीज की कोई दिक्कत न हो।
