शिमला। कांग्रेस विधायक व पूर्व प्रदेशाध्यक्ष सुखविंदर सिंह सुक्खू ने भाजपा सरकार के बजट को नीरस बताया है। उन्होंने कहा कि सरकार ने लाखों बेरोजगारों, किसानों व कर्मचारियों की बजट में अनदेखी की है। बजट में किसानों, बेरोजगारों को लेकर कोई बात नहीं है। सिर्फ ख्याली पुलाव पकाए गए हैं।
सुक्खू ने सरकार से पूछा कि 12 लाख बेरोजगारों को रोजगार कैसे मिलेगा। बजट में इसका कोई जिक्र नहीं है। सरकार को बढ़ती बेरोजगारी को देखते हुए रोजगार देने के लिए ठोस नीति की घोषणा करनी चाहिए थी। वित्त मंत्री के नाते मुख्यमंत्री ने बजट में सिर्फ सपने दिखाए हैं। ज्वलंत मुद्दों से पार पाने के लिए धरातल पर कोई ठोस योजना नजर नहीं आ रही। उन्होंने कहा कि हजारों कर्मचारी पुरानी पेंशन नीति के लिए लंबे समय से संघर्ष कर रहे हैं। सरकार ने बजट में उन्हें एक बार फिर निराश किया है। सरकार को पुरानी पेंशन नीति बहाल कर कर्मचारियों को होली का तोहफा देना चाहिए था।
सुक्खू ने कहा कि मुुख्यमंत्री का बजट शेर-ओ-शायरी से भरा हुआ है। इसमें गंभीरता नाम की कोई चीज नहीं। घोषणाएं तो बड़ी-बड़ी की गई हैं, लेकिन इन्हें सिरे कैसे चढ़ाया जाएगा, इसका कोई उल्लेख नहीं है। उन्होंने कहा कि घोषणाओं को सिरे चढ़ाने के लिए धन कहां से आएगा, यह बताने में भी मुख्यमंत्री विफल रहे। इसलिए भाजपा सरकार का यह बजट पूरी तरह से खोखला है। इसमें युवाओं, किसानों, बेरोजगारों और कर्मचारियों के लिए कुछ नहीं है।
