शिमला। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष विनय कुमार ने चंडीगढ़-शिमला फोरलेन की बदहाल स्थिति को लोकसभा में मजबूती से उठाने के लिए अखिल भारतीय कांग्रेस महासचिव सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा का हार्दिक आभार व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि जब हिमाचल के सांसद राज्य के हित संसद में उठाने में असफल रहे तो प्रियंका गांधी हिमाचल की आवाज बनकर उभरी हैं।
विनय कुमार ने कहा कि हिमाचल से चुनकर गए भाजपा सांसदों को प्रदेश की सुरक्षा, सुविधा और भविष्य से कोई सरोकार नहीं है। वह पूरी तरह मूकदर्शक बने हुए हैं। उन्होंने भाजपा सांसदों की इसे लेकर कड़ी निंदा की।
विनय कुमार ने कहा कि चंडीगढ़-शिमला फोरलेन आए दिन लैंडस्लाइड के कारण बाधित रहता है, जिससे आम जनता, पर्यटक, मरीज और आपात सेवाएं बुरी तरह प्रभावित होती है। यह सिर्फ़ अव्यवस्था नहीं, बल्कि लोगों की जान से खिलवाड़ है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि प्रियंका गांधी ने प्रदेशहित में खामियों को बेनकाब किया है और इन गंभीर मुद्दों का त्वरित समाधान किया जाना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में चल रहे फोरलेन निर्माण कार्यों में पहले ही व्यापक स्तर पर खामियां उजागर हो चुकी हैं। अवैज्ञानिक कटिंग, घटिया ड्रेनेज और कमजोर रिटेनिंग वॉल के कारण जगह-जगह लैंडस्लाइड हो रहे हैं, जिससे सड़क से सटे भवनों के साथ-साथ पूरे गांवों और क्षेत्रों का अस्तित्व खतरे में पड़ते जा रहें है। यह विकास नहीं, विनाश का रोडमैप है।
विनय कुमार ने कहा कि चंडीगढ़-शिमला ही नहीं, बल्कि कीरतपुर-मनाली फोरलेन में भी वही लापरवाही और वही त्रुटियां दिख रही हैं। इसके बावजूद भाजपा सांसदों की चुप्पी उनकी असंवेदनशीलता को उजागर करती है। इसके उलट, प्रियंका गांधी ने हिमाचल के लोगों के दर्द, रोज़मर्रा की परेशानी और निर्माण में हो रही घोर कोताही को संसद में पूरी ताकत से उठाया है। इसके लिए प्रदेश कांग्रेस उनका आभार व्यक्त करती है।
विनय कुमार ने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से आग्रह किया कि हिमाचल में चल रहे फोरलेन निर्माण की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता न किया जाए। उन्होंने कहा कि रिटेनिंग वॉल और ड्रेनेज सिस्टम वैज्ञानिक मानकों के अनुरूप तत्काल दुरुस्त किए जाएं ताकि बार-बार होने वाले लैंडस्लाइड और जान-माल के संभावित नुकसान को रोका जा सके। उन्होंने कहा कि अगर सड़क सुरक्षा और जनता की परेशानियों को नज़रअंदाज़ किया जाता है तो पार्टी जनहित में सड़कों से लेकर संसद तक किसी भी संघर्ष से पीछे हटने वाली नही।
