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मंडी। मंडी जिला में स्वर्ण जयन्ती आश्रय योजना के तहत 1093 नये मकानों का निर्माण किया जा रहा है जिस पर 16 करोड़ 39 लाख 50 हजार रुपए की राशि व्यय की जा रही है। यह जानकारी जल शक्ति, राजस्व, बागवानी एवं सैनिक कल्याण मंत्री महेन्द्र सिंह ठाकुर ने आज उपायुक्त कार्यालय सभागार मंडी में जिला कल्याण समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए दी। बैठक में विधायक कर्नल इंद्र सिंह ठाकुर, विनोद कुमार, हीरा लाल, जवाहर ठाकुर तथा इन्दर सिंह गांधी भी उपस्थित रहे तथा अपने बहुमूल्य सुझाव दिए।
इस अवसर पर अपने संबोधन में महेन्द्र सिंह ठाकुर ने कहा कि प्रदेश सरकार गरीब वर्गाें के कल्याण के प्रति वचनबद्ध है तथा सरकार की योजनाओं का लाभ ग्राम स्तर तक पहुंचे इस पर कार्य किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि स्वर्ण जयंती आश्रय योजना के तहत अनुसूचित जाति, जनजाति तथा अन्य पिछडे़ वर्ग के पात्र व्यक्तियों के लिए मकान निर्माण हेतु डेढ़ लाख रुपए की राशि प्रति व्यक्ति उपलब्ध करवाई जा रही है जिसके लिए प्रदेश सरकार द्वारा सालाना आय सीमा को बढाकर 35 हजार से 50 हजार रुपए किया गया है।  
मंडी जिला में एक लाख 13 हजार 404 सामाजिक सुरक्षा पेंशन धारक
महेन्द्र सिंह ठाकुर ने बताया कि जिला में एक लाख 13 हजार 404  पात्र व्यक्तियों को सामाजिक सुरक्षा पेंशन उपलब्ध करवाई जा रही है । जिस पर इस वित्त वर्ष में 164 करोड़ रुपए की राशि व्यय की जा रही है। जिला मंडी में पिछले चार वर्षों में 44168 नए पात्र लाभार्थियों को सामाजिक सुरक्षा पेंशन स्वीकृत की गई है।
उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार द्वारा अब 60 साल से अधिक आयु वर्ग के सभी व्यक्तियों को सामाजिक सुरक्षा पेंशन के दायरे में लाने का निर्णय लिया है तथा सभी श्रेणियों की पेंशन को भी बढ़ाया गया है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में अब सामाजिक सुरक्षा के तहत एक हजार रुपए न्यूनतम तथा 1700 रुपए अधिकतम होगी प्रति माह पेंशन। उन्होंने सभी तहसील कल्याण अधिकारियों को निर्देश दिए की पंचायत स्तर तक जाकर 60 वर्ष के आयु वर्ग के पात्र व्यक्तियों को सामाजिक सुरक्षा पेंशन के फार्म भराने में उनकी सहायता करें तथा चुने हुए नुमाइंदों की भी इसमें सहभागिता सुनिश्चित करें।
राष्ट्रीय परिवार सहायता योजना में तुरंत प्रदान करें सहायता राशि 
उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय परिवार सहायता योजना के तहत 18 वर्ष से 60 वर्ष तक के व्यक्ति जो बीपीएल श्रेणी में है तथा जिसकी आजीविका से परिवार पलता है अगर उसकी आकस्मिक मृत्यु हो जाती है उसे तुरंत 20 हजार रुपए की सहायता राशि प्रदान की जाती है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि ऐसे मामलों का निपटारा संबंधित पटवारी व ग्राम पंचायत सचिव की सहायता से 15 दिन में करें, ताकि जरूरतमंद परिवार को सहायता मिल सके। महेन्द्र सिंह ठाकुर ने कहा कि जिला में अन्तर्जातीय विवाह पुरस्कार योजना के तहत गत चार वर्षों में एक करोड़ 62 लाख रुपए की राशि व्यय करके 346 दम्पतियों को लाभन्वित किया गया है। जबकि दिव्यांग विवाह अनुदान योजना के तहत 87 पात्र व्यक्तियों को 28 लाख 81 हजार  की सहायता राशि प्रदान की गई है। उपायुक्त अरंदिम चौधरी ने मुख्यातिथि व अन्य गणमान्य व्यक्तियों का स्वागत करते हुए कहा कि जो भी दिशा-निर्देश समिति की बैठक में दिए गए है उनका ग्राम स्तर तक पालन किया जाएगा, ताकि सरकार की कल्याणकारी योजना का लाभ जिला के अंतिम व्यक्ति तक पहुंच सके। बैठक का संचालन जिला कल्याण अधिकारी आरसी बंसल ने किया तथा जिला में विभाग द्वारा चलाई जा रही योजनाओं का ब्योरा रखा। बैठक में एसपी मंडी शालिनी अग्निहोत्री, जिला के सभी एसडीएम, परियोजना अधिकारी डीआरडीए नवीन शर्मा, जिला पंचायत अधिकारी हरी सिंह ठाकुर, सभी तहसील कल्याण अधिकारी तथा समिति के गैर सरकारी सदस्य उपस्थित थे। 

By admin

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