शिमला। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कुलदीप सिंह राठौर ने आरोप लगाया है कि नगर निगम चुनावों में अपनी हार से बौखलाकर भाजपा महापौर व उप-महापौर बनाने के लिए लोकतंत्र का गला घोंटने पर उतारू हो गई है। उन्होने कहा कि इन चुनावों में मतदाताओं ने भाजपा की दमनकारी नीतियों व प्रदेश सरकार की जनविरोधी कार्यशैली के विरोध में मतदान किया है। परिणाम स्वरूप भाजपा को चार में से तीन नगर निगमों में पराजय का सामना करना पड़ा है। उनका कहना था कि इन चुनावों में मुख्यमंत्री सहित मंत्रीमंडल के सदस्यों, विधायकों व पूर्व विधायकों के दर-दर भटकने के बावजूद केवल एक मात्र मंडी नगर निगम में उसे बहुमत प्राप्त हुआ है। उन्होंने कहा कि अपनी पराजय से आहत होकर भाजपा सत्ता का दुरूपयोग कर अब घटिया राजनीति करने पर उतारू हो गई है।
राठौर ने प्रदेश सरकर तथा भाजपा नेताओं को आड़े हाथों लेते हुए आरोप लगाया कि नगर निगम चुनावों में निर्वाचित पार्षदों को अपनी ओर करने के लिए भाजपा उन्हें कई प्रकार के प्रलोबन दे रही है और अनैतिक दबाव बनाकर पार्षदों को डराया धमकाया जा रहा है जो कि लोकतंत्र के लिए चिंता का विषय है। उन्होंने कहा कि पंचायती राज संस्थाओं के चुनावों में भी मतदाताओं ने भाजपा के विरुद्ध जनादेश दिया था, लेकिन सत्ता का दुरुपयोग करके भाजपा ने बहुमत को चुराकर जिला परिषदों व पंचायत समितियों पर कब्जा करने के लिए लोकतंत्र का गला घोंट दिया। अब निर्वाचित प्रतिनिधियों पर राजनीतिक दबाव बनाकर अपने पक्ष में मतदान करने को मजबूर किया।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि भाजपा की इन्हीं हरकतों को देखते हुए प्रदेश कांग्रेस ने सरकार को पार्टी सिंबल पर नगर निगम चुनाव कराने की चुनौती दी थी। इन चुनावों में भी मतदाताओं ने भाजपा को मुंहतोड़ जवाब दिया और चार में से दो सोलन व पालमपुर नगर निगमों में कांग्रेस पार्टी को स्पष्ट बहुमत प्राप्त हुआ और धर्मशाला में किसी भी दल को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला। उन्होंने भाजपा नेताओं को चेतावनी दी कि नगर निगमों में निर्वाचित पाषदों को प्रलोभन देने, उन पर अनैतिक दबाव बनाने तथा सरकारी तंत्र के दुरुपयोग करने में भाजपा के जो लोग तथा सरकारी अधिकारी व कर्मचारी भूमिका निभा रहे हैं, प्रदेश कांग्रेस की उन सभी पर कड़ी नजर है और समय आने पर उन सबको बेनकाब किया जाएगा।
