हमीरपुर। हमीरपुर की जिला उपायुक्त देबाश्वेता बनिक ने अफसरों से कहा है कि गर्मियों के मौसम में कई बार बारिश की कमी के कारण सूखे जैसे हालात बन जाते हैं। ऐसे में इस स्थिति से निपटने के लिए जलशक्ति विभाग अभी से सभी तैयारियां पूर्ण कर लें। वे बुधवार को हमीरपुर में अधिकारियों के साथ आगामी गर्मियों के मौसम में जिले में सूखे जैसी स्थिति से निपटने के उपायों की समीक्षा बैठक में बोल रही थी। डीसी ने कहा कि अधिकारी इस मौसम में पेयजल की आपूर्ति सुचारू बनाए रखने के लिए योजनाबद्ध ढंग से आगे बढ़ें। विशेषतौर पर पानी की कमी वाले क्षेत्रों के लिए आपूर्ति व्यवस्था और सुदृढ़ करते हुए एक समयसारिणी तैयार की जाए। समयसारिणी के बारे में लोगों को निश्चित अंतराल में जानकारी भी देते रहें। प्राकृतिक पेयजल स्रोतों, हैंडपंप एवं बोरवेल इत्यादि को क्रियाशील करने की दिशा में भी कार्य करें। प्राकृतिक जल स्रोतों के पानी की गुणवत्ता जांच कर इस बारे में स्रोतों के समीप बोर्ड इत्यादि लगाने की व्यवस्था भी करें। देबाश्वेता बनिक ने कहा कि लोगों को पानी के महत्व के बारे में जागरूक करने के लिए खंड स्तर पर अभियान चलाएं और सभी पंचायतों में व्यापक प्रचार-प्रसार करें। उन्होंने कहा कि 22 मार्च को विश्व जल दिवस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्षा जल संरक्षण के लिए ‘कैच द रेन’ का नारा दिया है और हमें इसे आत्मसात करते हुए पानी बचाने की महत्ता को समझना और समझाना होगा। लोगों को पानी व्यर्थ में न गंवाने, इसके आवश्यकता से अधिक भंडारण तथा पेयजल का कृषि सहित अन्य कार्यों में उपयोग न करने बारे जागरूक करें। अवहेलना करने वालों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई अमल में लाएं।
उपायुक्त ने कृषि और बागवानी विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि मौसम संबंधी जानकारी प्रदान करने एवं फसल बुआई इत्यादि के बारे में किसानों-बागवानों को जागरूक करने के लिए निश्चित अवधि में बुलेटिन जारी करना सुनिश्चित करें। उन्होंने पशुपालन विभाग को चारे इत्यादि की मांग एवं आपूर्ति के बारे में ब्यौरा एकत्र कर आवश्यक कार्रवाई करने को कहा। उन्होंने सभी एसडीएम को निर्देश दिए कि वे अपने उपमंडलों में जल प्रबंधन, पेयजल आपूर्ति सहित किसानों-बागवानों व पशुपालकों की आवश्यकताओं के अनुसार योजनाबद्ध ढंग से सभी प्रबंध समय रहते कर लें।
बैठक में अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी जितेंद्र सांजटा, उपमंडलाधिकारी (ना.) हमीरपुर डॉ. चिरंजी लाल, सुजानपुर शिल्पी बेक्टा, भोरंज राकेश शर्मा, बड़सर प्रदीप कुमार, नादौन विजय कुमार, जलशक्ति विभाग के अधिशाषी अभियंता दीपक गर्ग सहित सभी संबंधित विभागों के उच्च अधिकारी उपस्थित थे।
