जनआक्रोश रैली से डर गई सरकार, महिलाओं को शिमला पहुंचने से रोकने के लिए प्रशासन का दुरुपयोग
शिमला। भाजपा विधायक रीना कश्यप ने प्रदेश की कांग्रेस सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि जन आक्रोश महिला पदयात्रा से घबराकर सरकार ने महिलाओं को शिमला पहुंचने से रोकने के लिए प्रशासन का खुला दुरुपयोग किया।
रीना कश्यप ने वीरवार को यहां प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए कहा कि प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों, विशेषकर सोलन से आ रही महिलाओं की बसों को जानबूझकर रोका गया और उन्हें रास्ते में रोके रखकर घंटों तक परेशान किया गया। उन्होंने कहा कि महिलाओं को एक-एक घंटे तक रोका गया, उन्हें बाईपास के रास्तों पर भेजा गया, जो साफ तौर पर उनकी आवाज दबाने की कोशिश है।
रीना कश्यप ने कहा कि यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है कि जिस सरकार को महिलाओं की सुरक्षा और सम्मान सुनिश्चित करना चाहिए, वही सरकार महिलाओं को शांतिपूर्ण लोकतांत्रिक कार्यक्रम में भाग लेने से रोक रही है। उन्होंने कहा कि यह केवल बसें रोकने का मामला नहीं, बल्कि महिलाओं के अधिकारों को कुचलने का प्रयास है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रशासन को स्पष्ट निर्देश दिए गए थे कि भाजपा की इस रैली में महिलाओं की भागीदारी को रोका जाए। उन्होंने कहा कि जब अन्य वाहन बिना रोक-टोक गुजर रहे थे, तब केवल महिलाओं की बसों को रोका गया, जो साफ दर्शाता है कि यह सब योजनाबद्ध तरीके से किया गया।
रीना कश्यप ने कहा कि यह वही कांग्रेस है जो मंचों पर महिला सशक्तिकरण की बातें करती है, लेकिन जमीनी स्तर पर महिलाओं को आगे बढ़ने से रोकती है। उन्होंने कहा कि एक तरफ संसद में महिला आरक्षण बिल का विरोध और दूसरी तरफ सड़कों पर महिलाओं को रोकना ही कांग्रेस का असली चेहरा है। उन्होंने कहा कि इन सब बाधाओं के बावजूद महिलाएं बड़ी संख्या में रैली में पहुंचीं, जो इस बात का प्रमाण है कि नारी शक्ति अब दबने वाली नहीं है। उन्होंने कहा कि यह आक्रोश केवल शुरुआत है और आने वाले समय में महिलाएं कांग्रेस को इसका करारा जवाब देंगी। रीना कश्यप ने कहा कि भाजपा महिलाओं के सम्मान और अधिकारों की लड़ाई को मजबूती से आगे बढ़ाती रहेगी और किसी भी कीमत पर उनकी आवाज दबने नहीं देगी। उन्होंने कहा कि नारी शक्ति अब जाग चुकी है और उसे रोकने की हर कोशिश कांग्रेस पर भारी पड़ेगी।
