शिमला। कांग्रेस नेता व चुनाव प्रचार समिति के अध्यक्ष सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि हिमाचल की जनता भाजपा सरकार से पूरी तरह तंग आ चुकी है। उन्होंने कहा कि आज जनता व्यवस्था परिवर्तन चाहती है। उन्होंने कहा कि भाजपा ने हिमाचल को कर्ज के डुबो दिया है और हर हिमाचली पर एक-एक लाख का कर्ज हो गया है। उन्होंने कहा कि आज महंगाई आसमान छू रही है और रसोई गैस 400 रुपए से 1100 रुपए पहुंच गई है। खाने का तेल 80 रुपए से 200 रुपए के पास हो गया है।
सुक्खू ने कांग्रेस की नवनियुक्त अध्यक्ष प्रतिभा सिंह के नागरिक अभिनंदन के मौके पर हुई जनसभा में कहा कि कोरोना के समय में प्रदेश में भ्रष्टाचार हुआ और इस कारण भाजपा के तत्कालीन प्रदेश अध्यक्ष को अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा था। उन्होंने पूछा कि आखिर प्रदेश अध्यक्ष को क्यों हटाया। उन्होंने मुख्यमंत्री पर तंज कसते हुए कहा कि वह कठपुतली सीएम हैं और रिमोट से चलते हैं तथा उनका रिमोट दिल्ली में है। उन्हें हर कार्य के लिए दिल्ली से इजाजत लेनी पड़ती है। उन्होंने कहा कि आज राज्य में 11 लाख बेरोजगार हो चुके हैं और राज्य में केवल दो हलकों सराज और धर्मपुर के ही युवाओं को रोजगार मिल रहा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सत्ता में आने पर ऐसी रोजगार नीति लाएगी, जिससे बेरोजगारों को रोजगार देने की सोच होगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री कह रहे हैं कि कांग्रेस के नेता बंटे हुए हैं और वह फूट डालने का प्रयास कर रहे हैं। लेकिन वे इसमें सफल नहीं होंगे। पूरी कांग्रेस सोनिया गांधी के नेतृत्व में एक है और सभी नेता यहां एक मंच पर एक साथ हैं।
मुख्यमंत्री कांग्रेस हाईकमान करेगा तय – शुक्ला
प्रदेश कांग्रेस के प्रभारी राजीव शुक्ला ने कहा है कि इस समय लड़ाई कांग्रेस को सत्ता में लाने की है और इस लड़ाई को कांग्रेस जीतेगी। उन्होंने कहा कि जिस तरह से अपार जनसमूह शिमला के चौड़ा मैदान में उमड़ा है, उससे स्पष्ट है कि अब राज्य में बदलाव को कोई नहीं रोक सकता। उन्होंने कहा कि कांग्रेस हाईकमान ने त्रिमूर्ति को जनता के समक्ष भेजा है और ये तीनों नेता एकजुटता के साथ कांग्रेस को सत्ता में लाने के लिए काम करेंगे। शुक्ला ने कहा कि जहां तक मुख्यमंत्री पद की बात है, यह मामला हाईकमान का है। पार्टी हाईकमान विधायकों से चर्चा के बाद करेगा कि किसे मुख्यमंत्री बनाना है। इसलिए अभी सत्ता में आना ही मुख्य लक्ष्य है और उसके बाद मुख्यमंत्री बनेगा। उन्होंने कहा कि कांग्रेसजनों को स्व. वीरभद्र सिंह का वह सपना पूरा करना है, जो तीन साल पहले उन्होंने यहां देखा था और वह राज्य में फिर से कांग्रेस की सरकार बनाने का था। अब पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं की यह जिम्मेदारी है कि वे इस सपने को पूरा करें।
