Spread the love

लुहणू में 100 करोड़ रूपए की विभिन्न विकासात्मक योजनाएं जनता को करेंगे समर्पित 

बिलासपुर। बिलासपुर ने 21 से 23 नवंबर तक गोविंद सागर झील के तट पर “जल तरंग जोश महोत्सव-2025” का आयोजन होगा। इसका शुभारंभ 21 नवंबर को मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू करेंगे। इस‌ महोत्सव की तैयारियों को लेकर

उपायुक्त राहुल कुमार ने मंगलवार को बताया कि इस वर्ष महोत्सव को और अधिक प्रभावशाली, आकर्षक तथा सहभागी स्वरूप प्रदान किया गया है, जिसमें जल क्रीड़ा गतिविधियों, सांस्कृतिक संध्याओं, सामुदायिक कार्यक्रमों, रेडक्रॉस मेले, आजीविका मेले तथा युवाओं के लिए विशेष रूप से प्रेरणादायक कार्यक्रमों को सम्मिलित किया‌ जाएगा।

राहुल कुमार ने पत्रकारों को संबोधित करते हुए‌ कहा कि मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू 21 नवंबर को प्रातः 11 बजे गोविंद सागर झील के समीप लुहणू मैदान में ‘जल तरंग जोश महोत्सव-2025’ का शुभारंभ करेंगे। उद्घाटन के उपरांत मुख्यमंत्री मेला ग्राउंड में विभिन्न विभागों द्वारा स्थापित योजनाओं और सेवाओं संबंधी प्रदर्शनी का अवलोकन करेंगे तथा रेड क्रॉस मेला और आजीविका मेले का विधिवत शुभारंभ करेंगे।

उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री लुहणू में विभिन्न विभागों के लगभग 100 करोड़ रुपये की विकासात्मक योजनाओं के उद्घाटन एवं शिलान्यास भी करेंगे। इसके पश्चात वह जिला वासियों को संबोधित भी करेंगे। 

जल क्रीड़ा गतिविधियाँ होंगी मुख्य आकर्षण

उपायुक्त ने कहा कि महोत्सव का प्रमुख आकर्षण गोविंद सागर झील में आयोजित होने वाली जल क्रीड़ा प्रतियोगिताएं होंगी, जिनमें कायाकिंग, कैनोइंग, देशी नाव दौड़, तैराकी तथा समतल जल बेड़ा राफ्टिंग शामिल हैं। सभी प्रतियोगिताएं 500 मीटर की निर्धारित दूरी पर आयोजित की जाएंगी और इनका सीधा प्रसारण बड़ी स्क्रीन पर किया जाएगा, ताकि अधिक संख्या में लोग इन रोमांचक गतिविधियों का आनंद ले सकें। उन्होंने कहा कि जल क्रीड़ा गतिविधियों को अधिक सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए विशेष प्रबंध किए गए हैं।

रेड क्रॉस मेले में होगा सेवा और जन-सहभागिता का संगम

उन्होंने कहा कि मेला ग्राउंड में आयोजित होने वाले रेड क्रॉस मेले में रक्तदान शिविर, बहु-विषयक स्वास्थ्य शिविर, शिशु प्रतियोगिता, तंबोला, वरिष्ठ नागरिकों के लिए मनोरंजक खेल तथा दिव्यांगजन एवं वरिष्ठ नागरिकों के लिए विशेष फैशन शो का आयोजन किया जा रहा है। यह मेला सेवाभाव, जन-कल्याण और सामुदायिक सहयोग की भावना को सुदृढ़ करेगा।

आजीविका मेला के माध्यम से स्थानीय महिला समूहों की आर्थिक सशक्तिकरण पहल

इसी प्रकार आजीविका मेले में महिला स्वयं सहायता समूहों द्वारा निर्मित स्थानीय उत्पादों की प्रदर्शनी एवं विक्रय स्टाॅल लगाए जा रहे हैं, जिसमें हस्तशिल्प, घरेलू उत्पाद, स्थानीय व्यंजन तथा पारंपरिक खाद्य सामग्री प्रमुख आकर्षण होंगे। महिला उद्यमिता को बढ़ावा देना और स्थानीय समूहों को विपणन के बेहतर अवसर उपलब्ध करवाना इसका मूल उद्देश्य है।

युवाओं में नशामुक्ति और स्वास्थ्य जागरूकता को बढ़ावा देने को विशेष पहलें महोत्सव में शामिल की गई हैं। भारोत्तोलन प्रतियोगिता, बॉडी बिल्डिंग प्रदर्शन, स्वास्थ्य एवं फिटनेस गतिविधियाँ, लाइव प्रदर्शन तथा “नशे को ना कहें, फिटनेस को हाँ” विषय पर केंद्रित जागरूकता अभियान पुलिस विभाग और स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से संचालित किया जाएगा। युवाओं को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना इस अभियान का मुख्य उद्देश्य है।

सांस्कृतिक संध्याओं में होगा प्रदेश और स्थानीय कलाकारों का संगम 

महोत्सव के दौरान 21 से 23 नवंबर तक प्रतिदिन शाम 5 बजे से रात 10 बजे तक भव्य सांस्कृतिक संध्याओं का आयोजन किया जाएगा। भाषा एवं संस्कृति विभाग, आकाशवाणी और दूरदर्शन के ए और बी ग्रेड कलाकारों सहित बिलासपुर जिला के अन्य प्रतिभाशाली कलाकार अपनी प्रस्तुतियां देंगे।

उपायुक्त ने बताया कि 21 नवंबर को गौरव कौंडल एवं अजय चैहान, 22 नवंबर को गीता भारद्वाज एवं ए.सी. भारद्वाज तथा 23 नवंबर को कुमार साहिल एवं कुलदीप शर्मा सांस्कृतिक संध्याओं के मुख्य आकर्षण रहेंगे।

उन्होंने बताया कि महोत्सव का समापन 23 नवंबर को रात्रि 8 बजे तकनीकी शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी करेंगे तथा जल क्रीड़ा प्रतियोगिताओं के सभी विजेताओं को पुरस्कृत किया जाएगा।

पत्रकार वार्ता के दौरान अतिरिक्त उपायुक्त ओमकांत ठाकुर, एसडीएम सदर राजदीप सिंह और सहायक आयुक्त राजकुमार भी मौजूद रहे।

By admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *