शिमला। अग्निवीर भर्ती से पहले लंबित सेना भर्ती को लेकर कांग्रेस ने केंद्र की मोदी सरकार को घेरना शुरू कर दिया है। कांग्रेस ने रेगुलर सेना भर्ती के माध्यम से 1.50 लाख पदों को तुरंत भरने की मांग की है। कांग्रेस ने साफ किया है कि अगर मोदी सरकार ने इन 1.50 लाख युवाओं को तुरन्त सेना में नियुक्ति नहीं दी तो वह इन इन युवाओं की लड़ाई हर मोर्चे पर लड़ेगी।
प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता देवेन्द्र बुशैहरी, कांग्रेस पूर्व सैनिक विभाग के उपाध्यक्ष एसके सहगल और युवा कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष निगम भंडारी ने संयुक्त पत्रकार वार्ता में कहा कि कांग्रेस इन युवाओं को इंसाफ दिलाएगी। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि अगनीवीर योजना से पहले केंद्र सरकार ने पुरानी सेना भर्ती कराई थी, जिसमें लाखों युवाओं ने हिस्सा लिया था और 1.50 लाख युवाओं ने शारीरिक व मेडिकल परीक्षण और इसकी परीक्षा पास की थी, लेकिन इसके बाद केन्द्र की भाजपा सरकार ने जून 2022 में एक विसंगति पूर्ण सेना भर्ती योजना अग्नीवीर लागू की। इसके बाद पुरानी भर्ती के 1.50 लाख युवाओं को नौकरियां नहीं दी, जबकि इन युवाओं ने फ़ीस, कोचिंग पर खर्च किया, कड़ी मेहनत कर पसीना बहाया, लेकिन निराशा ही हाथ लगी। इस युवाओं ने जब नियुक्ति को लेकर अपनी आवाज़ उठानी चाही तो पुलिस द्वारा बल प्रयोग करवाया गया, केस तक दर्ज हुए। इन युवाओं ने शांतिपूर्ण तरीके से अपने हक़ के लिए ये युवा बिहार के चम्पारण जिले से दिल्ली तक 1100 किलोमीटर की सत्याग्रह यात्रा बरसात, सर्दी गर्मी, भूख, प्यास झेलते हुए पूरी कर दिल्ली पहुंचे।
पूर्व सैनिक विभाग कांग्रेस के उपाध्यक्ष एसके सहगल ने कहा कि कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने इन लाखों युवाओं की लड़ाई करने का फैसला लिया है। इसी कड़ी में आज हिमाचल सहित देश के अन्य राज्यों में भी इन युवाओं की न्याय की गुहार के लिए आवाज़ बुलन्द करते हुए अनेक लोकसभा क्षेत्रों में एक संयुक्त पत्रकार वार्ताएं की गई हैं। प्रदेश के सैंकड़ों युवा भी सेना में भर्ती का इंतजार कर इंसाफ मांग रहे हैं, कांग्रेस इनकी लड़ाई लड़ेगी।
