शिमला। पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने बुधवार को दिल्ली में केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह एवं सड़क परिवहन, राज्यमार्ग और जहाजरानी मंत्री से शिष्टाचार भेंट की और हिमाचल प्रदेश में आई आपदा में प्रदेश का सहयोग करने, प्रदेश के लोगों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़े होने के लिए आभार जताया। दोनों केंद्रीय मंत्रियों ने प्रदेश के लोगों को आश्वस्त किया कि आपदा की इस घड़ी में केंद्र हिमाचल के साथ मज़बूती से खड़ा है।
जयराम ठाकुर ने बताया कि दिल्ली में नितिन गडकरी से भेंट के दौरान उन्हें प्रदेश में आपदा से हुए नुकसान की जानकारी दी और उनसे हिमाचल में आकर स्थिति का जायज़ा लेने आग्रह किया, जिसे नितिन गड़करी ने स्वीकार करते हुए प्रदेश को हर उचित सहायता देने का आश्वासन दिया। उन्होंने बताया कि हिमाचल प्रदेश में बाढ़ आपदा के चलते सड़कों और राष्ट्रीय राजमार्गों के आधारभूत ढांचे को सबसे ज्यादा क्षति पहुंची है। इसके बाद, जयराम ठाकुर ने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से शिष्टाचार भेंट की। उन्होंने हिमाचल प्रदेश में आई बाढ़ की आपदा के दौरान सेना को ओर से बाढ़ पीड़ितों के बचाव और राहत के लिए चलाए गए अभियान के लिए रक्षा मंत्री के प्रति आभार व्यक्त किया। इस आपदा के दौरान सेना के हेलीकॉप्टरों ने बाढ़ में फंसे कई लोगों को जिंदगियां बचाई।

नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि आपदा की घड़ी में केंद्र हमारे साथ कंधे से कंधा मिलाकर मजबूती से खड़ा रहा और राहत और बचाव के लिए हर साधन सुविधा उपलब्ध करवाई। उन्होंने कहा कि हमें राजनीति से ऊपर उठकर काम करना होगा। हिमाचल सरकार के रवैए पर बहुत सारे सवाल हैं। वह केंद्र से मदद चाहते हैं और वह केंद्र को हर बात पर दोष भी देते हैं, यह दोनों चीजें एक साथ नहीं चलेगी। उन्होंने कहा कि केंद्र से मदद मिल रही है और उस मदद का श्रेय वे केंद्र को नहीं दे रहे हैं और न ही उनकी यह मंशा है।
जयराम ठाकुर ने कहा कि हिमाचल में कांग्रेस विधायकों और नेताओं के परिवार के लोग पीड़ितों को राहत राशि बांट रहे हैं जो कि किसी पद पर भी नहीं है। फोटो खिंचवा रहे हैं। ये बेहद असंवेदनशील और दुर्भाग्यपूर्ण है। यह राहत राशि सरकार द्वारा सरकार के अधिकारी द्वारा देनी चाहिए। यह कहना कि राहत हम दे रहे हैं केंद्र से कुछ नहीं मिल रहा यह दुर्भाग्यपूर्ण है। आपदा के समय जो मदद जिसकी तरफ से मिल रही है वह स्वागत योग्य होनी चाहिए।
