शिमला। सिरमौर जिले में गिरी पार के लोगों की उन्हें जनजातीय घोषित करने की मांग के फिर तेज होने पर वहां की राजनीति गरमा गई है। सिरमौर जिले के हाटी समुदाय के लोगों के इस संबंध में सरकार को अल्टीमेटम दिए जाने के बाद शिमला संसदीय सीट से सांसद व सिरमौर जिले से ताल्लुक रखने वाले प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सुरेश कश्यप भी और सक्रिय हुए हैं।
सांसद सुरेश कश्यप के नेतृत्व में केंद्रीय हाटी समिति के पदाधिकारियों का एक शिष्टमंडल महापंजीयक भारत सरकार से मिला और गिरिपार क्षेत्र के हाटी समुदाय को जनजातीय दर्जा देने संबंधी सभी तकनीकी पहलुओं तथा एथनोग्राफिक सर्वे के बारे में विस्तार से चर्चा की। सुरेश कश्यप ने बताया कि प्रतिनिधिमंडल द्वारा आर.जी.आई को पहले की रिपोर्ट में लगाई गई सभी आपत्तियों के बारे में तथ्यों के साथ स्पष्टीकरण दिया गया, जिसका समाधान हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा 18 सितम्बर 2021 को जनजातीय मंत्रालय भारत सरकार और प्रधानमंत्री कार्यालय को भेजी गई एथनोग्राफिक रिपोर्ट में भी किया गया है। आर.जी.आई ने आश्वस्त किया कि वह तकनीकी विशेषज्ञों के साथ हाटी समुदाय की एथनोग्राफिक रिपोर्ट पर चर्चा करेंगे और उसके बाद रिपोर्ट जनजातीय मंत्रालय को भेजी जाएगी।
सुरेश कश्यप ने कहा कि बैठक में कई महत्वपूर्ण मुद्दों और चर्चा की गई और केंद्रीय अधिकारियों ने पूरे प्रतिनिधिमंडल की समस्याओं को ध्यानपूर्वक सुना। उनका कहना था कि यह बैठक काफी फायदेमंद रही। उन्होंने कहा कि हाटी समुदाय को जनजातीय दर्जा दिलाने के लिए हर संभव प्रयास किया जाएगा। इस चर्चा में महापंजीयक भारत सरकार, डिप्टी रजिस्ट्रार जनरल, सांसद सुरेश कश्यप, हाटी समिति के केन्द्रीय अध्यक्ष डा. अमीचन्द कमल, महासचिव कुंदन सिंह शास्त्री तथा कोषाध्यक्ष अंतर सिंह नेगी ने भाग लिया।
