शिमला। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष कुलदीप सिंह राठौर ने भाजपा सरकार पर बड़ा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया है कि भाजपा अपनी छवि को सुधारने के लिए जनता के पैसे का दुरुपयोग कर रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार द्वारा राजधानी शिमला में किया गया प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना कार्यक्रम गरीबों के साथ मजाक है। उन्होंने कहा कि भाजपा को यदि गरीबों को राशन बांटना था तो कार्यक्रम को किसी राशन डिपो पर करना चाहिए था, न कि लाखों रुपए खर्च कर किसी होटल में करना चाहिए था।
राठौर ने कहा कि केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि केंद्र सरकार 2024 से पहले पोषणयुक्त चावल देगी और उनकी यह घोषणा भी चुनावी है। उन्होंने कहा कि 2024 में लोकसभा चुनाव हैं और यह घोषणा भी इसी चुनाव को देखते हुए की गई है। उन्होंने कहा कि सरकार राशन डिपो में मिलने वाले राशन की गुणवत्ता पर कोई ध्यान नहीं दे रही। उसे केवल अपनी गिरती छवि की चिंता है और इसके लिए सरकारी धन का दुरुपयोग किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार की पांच किलो अनाज की योजना भी गरीबों के साथ मजाक है।
राठौर ने कहा कि केंद्रीय मंत्री ने यहां उद्योगपतियों के साथ भी बैठक की, लेकिन कोई पैकेज लघु और मध्यम उद्योगों के लिए नहीं दिया। उन्होंने कहा कि कोरोना के कारण ये उद्योग बंद हुए हैं और इस पर कोई ध्यान उनका नहीं है। उन्होंने कहा कि राज्य से उद्योगों का पलायन हो रहा है और इसकी तरफ भी कोई ध्यान न तो केंद्र सरकार का है और न ही राज्य सरकार का है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि मुख्यमंत्री कह रहे हैं कि उनकी सरकार ने कोविड काल में 643 करोड़ रुपए का राशन गरीबों को बांटा है। उन्होंने इसे खोखला दावा करार देते हुए कहा कि इसमें घोटाले की बू आ रही है। उन्होंने इस वितरण को लेकर श्वेतपत्र जारी करने की मांग की। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार हर मोर्चे पर विफल रही है और अब जनता का ध्यान भटकाने की कोशिश की जा रही है और इसी के तहत गत दिन पीटरहाफ में बड़ा कार्यक्रम किया गया। उन्होंने गुजरात के एक पोर्ट पर पकड़ी गई करीब तीन हजार किलोग्राम हेरोइन को लेकर भी सवाल उठाया और कहा कि आज क्यों इस पर केंद्र सरकार चुप है। उन्होंने पूछा कि मुंबई में फिल्म स्टार के पास नशीला पदार्थ मिलने पर हो-हल्ला करने वाली भाजपा आज खामोश क्यों है।
केंद्रीय मंत्री ने नहीं सुनी बागवानों की समस्या, किया बागवानों का अपमान – राठौर
कुलदीप राठौर ने कहा कि हिमाचल सेब राज्य है और जब इस संबंध में केंद्रीय वाणिज्य व उद्योग मंत्री पीयूष गोयल से सवाल किया गया तो वे कन्नी काट गए। उन्होंने कहा कि सेब उद्योग पर संकट छाया है और इस पर ध्यान देने की जरूरत है, लेकिन केंद्रीय मंत्री हिमाचल के किसानों-बागवानों की समस्या तक नहीं सुनना चाहते। इस प्रकार केंद्रीय मंत्री ने हिमाचल के बागवानों का अपमान किया है। उन्होंने यह भी कहा कि विदेशों से आ रहे सेब को रोकने की सख्त जरूरत है और भाजपा ने हिमाचल के बागवानों से यह वादा किया था वह इस पर आयात शुल्क को बढ़ाएगी, लेकिन अब भाजपा सरकार कोई कदम नहीं उठा रही, बल्कि अब तो इनकी समस्या सुनने को भी केंद्रीय मंत्री तैयार नहीं है। उन्होंने कहा कि आज सेब उद्योग को बचाने की जरुरत है और मुख्यमंत्री ने भी केंद्रीय मंत्री के समक्ष यह मामला नहीं उठाया। उन्होंने कहा कि भाजपा की नजर में बागवानों की क्या हैसियत है, इससे पता चलता है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सोमवार को बुलाए गए भारत बंद का समर्थन करती है और वह किसानों व बागवानों के साथ खड़ी है।
बेरोजगारी के मुद्दे पर 28 को जिला स्तर पर प्रदर्शन करेगी कांग्रेस
कुलदीप राठौर ने कहा कि बेरोजगारी हिमाचल में एक बड़ा मुद्दा है और लाखों युवा राज्य में रोजगार के लिए भटक रहे हैं, लेकिन भाजपा सरकार को इनकी कोई चिंता नहीं है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में पहले राज्य सचिवालय में दूसरे राज्यों के लोगों को यहां पर नौकरी दी गई और अब राज्य बिजली बोर्ड में जेई के पद पर बिहार और उत्तर प्रदेश के लोग लगा दिए गए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इसका कड़ा विरोध करती है और इसके खिलाफ 28 सितंबर को जिला स्तर पर प्रदर्शन किया जाएगा।
