शिमला। कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता कुलदीप सिंह राठौर ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा है कि सरकार ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को उनके पद से नहीं हटाया, बल्कि सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को उनके शांतिपूर्ण आंदोलन से हटाने का काम किया है। उन्होंने इसे लोकतांत्रिक अधिकारों और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर सीधा प्रहार बताया।
राठौर ने कहा कि 59 वर्षीय सोनम वांगचुक पिछले 20 दिनों से शांतिपूर्ण उपवास पर थे और उनकी केवल यही मांग थी कि नीट पेपर लीक प्रकरण के लिए जिम्मेदार लोगों को जवाबदेह ठहराया जाए। ऐसे समय में सरकार से संवेदनशीलता और मानवीय दृष्टिकोण की अपेक्षा थी, लेकिन इसके विपरीत सरकार ने जनदबाव बढ़ते ही एक शांतिपूर्ण आवाज को दबाने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि यह एक शर्मनाक और निंदनीय कृत्य है, जिसे देश की जनता याद रखेगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस और पूरा विपक्ष इस मुद्दे पर पीछे हटने वाला नहीं है और आंदोलन पूरी ताकत के साथ जारी रहेगा।
कुलदीप सिंह राठौर ने मांग की कि संसद के मानसून सत्र से पहले केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को उनके पद से हटाया जाए। उन्होंने कहा कि देश के छात्र इस पूरे घटनाक्रम पर नजर रखे हुए हैं और पूरा देश जवाब की प्रतीक्षा कर रहा है।
