स्थाई छात्रावास का कार्य जल्द होगा पूरा – रोहित ठाकुर
शिमला। शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने वीरवार को पीएम श्री (आदर्श) राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, रोहड़ू में खेल छात्रावास का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि रोहड़ू खेल छात्रावास की स्थापना वर्ष 1995 में हुई थी और लगभग 25 वर्षों तक यह निजी भवन में संचालित होता रहा। वर्ष 2025 में हिमाचल प्रदेश पावर कारपोरेशन लिमिटेड (एचपीपीसीएल) के खाली भवन को खेल छात्रावास के लिए स्वीकृत करवाया गया। उन्होंने कहा कि छात्रावास भवन के त्वरित कायाकल्प के लिए लगभग 21 लाख रुपये खर्च किए गए हैं। इसमें भवन के जीर्णोंद्धार पर 11 लाख रुपये, खेल उपकरणों पर 5 लाख रुपये तथा बिस्तर एवं फर्नीचर पर 5.50 लाख रुपये व्यय किए गए हैं।
शिक्षा मंत्री ने कहा कि स्थाई खेल छात्रावास भवन की परियोजना की संशोधित लागत लगभग 2.5 करोड़ रुपये है। छात्रावास के स्थायी भवन को पूर्ण करने के लिए धन की कमी आड़े नहीं आने दी जाएगी। उन्होंने कहा कि इसके लिए जल्द ही 50 लाख रुपये की राशि जारी की जाएगी, ताकि निर्माण कार्य को गति प्रदान कर निर्धारित समय में पूरा किया जा सके। उन्होंने कहा कि वर्तमान में रोहड़ू खेल छात्रावास में फुटबॉल और वॉलीबॉल के प्रशिक्षण की सुविधा उपलब्ध है तथा दोनों खेलों के लिए 20-20 सीटें स्वीकृत हैं। उन्होंने कहा कि छात्रावास में कबड्डी खेल शुरू करने के लिए भी हर संभव प्रयास किए जाएंगे ताकि यहां के छात्रों को कबड्डी खेल में भी इसका लाभ मिल सके।

शिक्षा मंत्री ने कहा कि प्रदेश में पहले केवल 08 खेल छात्रावास संचालित होते थे, जबकि वर्तमान सरकार ने इनकी संख्या बढ़ाकर 11 कर दी गई है। इससे प्रदेश के युवा खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण सुविधाएं उपलब्ध हो रही हैं। उन्होंने कहा कि आज के दौर में खेल को एक बेहतर करियर एवं पेशे के रूप में अपनाया जा सकता है। प्रदेश के युवा खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रदेश व देश का नाम रोशन कर रहे हैं तथा खेल कोटे के माध्यम से रोजगार के अवसर भी प्राप्त कर रहे हैं।
शिक्षा के क्षेत्र में हुआ अभूतपूर्व विकास
शिक्षा मंत्री ने कहा कि वर्तमान सरकार ने शिक्षा के क्षेत्र में व्यापक सुधार किए हैं, जिसका लाभ प्रदेश के दूरदराज क्षेत्रों में रहने वाले विद्यार्थियों को भी मिल रहा है। उन्होंने कहा कि शिक्षा विभाग में हजारों रिक्त पदों को भरा गया है तथा कर्मचारियों को समयबद्ध पदोन्नति प्रदान की गई हैं। उन्होंने कहा कि अब तक अकेले शिक्षा विभाग में लगभग 9 हजार पद भरे जा चुके हैं और वर्तमान सरकार का 12 हजार से अधिक पद भरने का लक्ष्य है।
उन्होंने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में प्रदेश ने उल्लेखनीय प्रगति की है और राष्ट्रीय उपलब्धि सर्वेक्षण (एनएएस) की रैंकिंग में हिमाचल प्रदेश 21वें स्थान से तीसरे स्थान पर पहुंचा है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों और शिक्षकों को शैक्षणिक एवं व्यावसायिक अनुभव बढ़ाने के उद्देश्य से अंतरराष्ट्रीय शैक्षणिक भ्रमण पर भी भेजा जा रहा है, जिससे गुणवत्तापूर्ण शिक्षा को और बेहतर बनाने में मदद मिलेगी।

शिक्षा मंत्री ने कहा कि पहले चरण में प्रदेश के 150 राजकीय विद्यालयों को केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) से संबद्ध किया गया है, जिससे सरकारी विद्यालयों में विद्यार्थियों की संख्या में वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा कि आगामी चरण में भी 150 और विद्यालयों को सीबीएसई से संबद्ध करने की दिशा में कार्य किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि रोहड़ू विधानसभा क्षेत्र में शिक्षा विभाग के भवनों के निर्माण के लिए आवश्यक धनराशि उपलब्ध करवाई गई है तथा विभिन्न विद्यालयों में रिक्त पदों को भी भरा गया है। उन्होंने कहा कि विद्यालय में बहुउद्देशीय हॉल तथा अतिरिक्त भवन की मांग प्राप्त हुई है, जिसे प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के लिए हर संभव प्रयास किए जाएंगे। इसके अतिरिक्त छौहारा क्षेत्र में सीबीएसई विद्यालय खोलने तथा अन्य रिक्त पदों को भरने संबंधी मांगों पर भी आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
रोहित ठाकुर के शिक्षा मंत्री रहते रोहड़ू विस क्षेत्र के विद्यालयों के निर्माणाधीन भवनों के कार्यों में आई तेजी – मोहन लाल ब्राक्टा
इस अवसर पर विधायक मोहन लाल ब्राक्टा ने शिक्षा मंत्री का रोहड़ू विधानसभा क्षेत्र में स्वागत किया तथा क्षेत्र से संबंधित विभिन्न समस्याएं एवं मांगें उनके समक्ष रखीं। उन्होंने कहा कि रोहित ठाकुर को शिक्षा विभाग का दायित्व मिलने के बाद रोहड़ू विधानसभा क्षेत्र में विभिन्न विद्यालयों के निर्माणाधीन भवनों के कार्यों में तेजी आई है। उन्होंने छौहारा विकासखंड में सीबीएसई विद्यालय शुरू करने सहित अन्य मांगों को भी शिक्षा मंत्री के समक्ष रखा।
घ्यान-राईका संपर्क सड़क का किया भूमि पूजन
शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने वीरवार को जुब्बल उपमंडल के अंतर्गत ग्राम पंचायत सरस्वतीनगर में घ्यान-राईका संपर्क सड़क का भूमि पूजन भी किया। उन्होंने कहा कि लगभग दो किलोमीटर लंबी इस सड़क के निर्माण पर करीब 90 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि यह सड़क सरस्वतीनगर, कठासू और बढ़ाल पंचायतों के लोगों के लिए आवागमन तथा बागवानी की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को सड़क निर्माण कार्य शीघ्र शुरू करने तथा इसे निर्धारित समयावधि में पूरा करने के निर्देश दिए, ताकि क्षेत्र के लोगों को इसका लाभ जल्द मिल सके।
