कहा- ईडी और सीबीआई के सहारे राजनीतिक लाभ लेना भाजपा का नेशनल एजेंडा बना
शिमला। राजस्व मंत्री मंत्री जगत सिंह नेगी ने विपक्षी भाजपा पर करारा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि राजनीतिक विरोधियों के खिलाफ ईडी, सीबीआई और आयकर का उपयोग कर लाभ उठाना भाजपा का राष्ट्रीय एजेंडा बन गया है। जिन गैर भाजपा राज्यों में चुनाव आते हैं, वहां पर ईडी, सीबीआई और आयकर वाले छापेमारी करने के लिए पहुंच जाते हैं।
वे बुधवार को यहां मीडिया से बातचीत कर रहे थे। इस मौके पर शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर भी मौजूद थे। इस दौरान राजस्व मंत्री ने कहा कि देवभूमि के शांत माहौल में इस तरह की छापेमारी निंदनीय है और लोकतंत्र व संविधान के लिए घातक है। उन्होंने कहा कि भाजपा का इसका खामियाजा भुगतना पड़ेगा।
़जगत सिंह नेगी ने आरोप लगाया कि भाजपा लोकतंत्र को नहीं मानती है। उन्होंने कहा कि भाजपा संविधान की भी परवाह नहीं करती है। उन्होंने कहा कि भाजपा ने देशभर में ईडी और सीबीआई के सहारे राजनीतिक लाभ लेने का एजेंडा चलाया गया है। उनका कहना है कि जोर जबरदस्ती करके कांग्रेस नेताओं को फंसाया जा रहा है। इसी कड़ी में प्रदेश के हमीरपुर जिला में ईडी, आयकर और सीबीआई की छापेमारी हुई है।
नेगी ने कहा कि राष्ट्रीय स्तर पर भाजपा ने ईडी, सीबीआई को पीछे लगाकर असम के वर्तमान मुख्यमंत्री को भाजपा में जाने के लिए मजबूर किया। इसी तरह से महाराष्ट्र में कई नेताओं को भयभीत होकर कांग्रेस छोड़कर भाजपा में जाना पड़ा। उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर द्वारा उपचुनाव में सरकारी मशीनरी के आरोपों पर पलटवार करते हुए कहा कि वर्तमान सरकार में ऐसा एक भी मामला सामने लाएं। जबकि वास्तविकता यह है कि पूर्व भाजपा सरकार के समय में विधानसभा चुनाव के दौरान आंगनबाड़ी, आशा वर्करों की ड्यूटी भाजपा के पक्ष में मतदान करने के लिए लगती थी।
गैर भाजपा शासित राज्यों में ईडी और आयकर विभाग वाले आते हैं मेहमानों की तरह – चौहान
उधर, संसदीय कार्यमंत्री हर्षवर्धन चौहान ने कहा कि जिन राज्यों में चुनाव होते हैं, वहां पर ईडी और आयकर विभाग वाले महमानों की तरह आते हैं। इसी तरह से ईडी और आयकर वाले प्रदेश के तीन उपचुनाव के दौरान आए थे। सचिवालय में अपने कार्यालय में पत्रकारों से बात करते हुए हर्षवर्धन चौहान ने कहा कि भाजपा का राष्ट्रीय स्तर पर एजेंडा रहा है कि गैर भाजपा सरकार को अस्थिर किया जाए। लेकिन भाजपा यह मान ले कि तीन उपचुनाव के परिणाम कांग्रेस के पक्ष में रहेंगे और सत्तारूढ़ कांग्रेस के विधायकों की संख्या बढ़कर 38 से 41 पहुंचेगी। उनका कहना था कि प्रदेश की जनता त्यागपत्र देकर भाजपा टिकट पर चुनाव लड़ रहे पूर्व विधायकों से पूछ रही कि उनको जनता ने पूरे पांच साल के लिए चुनकर भेजा था। ऐसी क्या मजबूरी थी कि उन्होंने त्यागपत्र दिया। विपक्ष के नेता जयराम ठाकुर द्वारा सुक्खू सरकार पर उठाए गए प्रश्न का उत्तर देते हुए हर्षवर्धन चौहान ने कहा कि सुखिवंदर सिंह सुक्खू मुख्यमंत्री थे, मुख्यमंत्री हैं और आगे भी सुक्खू ही मुख्यमंत्री रहेंगे।
