Spread the love

शिमला। राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय से आज राजभवन में पुलिस महानिदेशक एसआर मरडी ने भेंट की। उन्होंने राज्यपाल को पुलिस प्रशासन के माध्यम से कोविड-19 के संदर्भ में की जा रही कार्यवाही और कानून व्यवस्था को लेकर स्थिति से अवगत करवाया।

डीजीपी मरडी ने जानकारी दी कि पुलिस विभाग द्वारा कर्फ्यू उल्लंघनकर्ताओं के खिलाफ 1484 अभियोग पंजीकृत किए गए हैं, जिनमें से 1305 व्यक्तियों को उल्लंघन करने पर गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने कहा कि 465 व्यक्तियों के खिलाफ दण्ड प्रक्रिया संहिता की निवारक धाराओं के अन्तर्गत कार्रवाई की गई है। उन्होंने जानकारी दी कि कर्फ्यू के उल्लंघन पर 1297 गाड़ियों को जब्त किया गया है और उल्लंघन करने वालों पर 28.45 लाख रुपये जुर्माना लगाया गया है। उन्होंने जानकारी दी कि कर्फ्यू के दौरान आदेशों का कार्यान्वयन करवाते समय पुलिस कर्मचारियों पर हमले के 10 अभियोग 20 व्यक्तियों के खिलाफ पंजीकृत किए गए हैं। जबकि झूठी अफवाहें फैलाने के संदर्भ में 54 अभियोग पंजीकृत किए गए हैं।
पुलिस महानिदेशक ने बताया कि प्रदेश की सीमाओं को सील किया गया है और पुलिस द्वारा 24 घण्टे गश्त की जा रही है। इस कार्य के लिए जिला पुलिस के अतिरिक्त बटालियनों के 1500 जवानों और 862 गृह रक्षकों को तैनात किया गया है। उन्होंने कहा कि प्रदेशवासियों से आग्रह किया गया है कि यदि उन्हें कर्फ्यू के दौरान किसी भी प्रकार की समस्या हो तो वे इसकी सूचना आपातकालीन प्रक्रिया समर्थन प्रणाली-112 पर दे सकते हैं और अभी तक इसके माध्यम से 322 सूचनाएं प्राप्त हुई हैं, जिनमें से 311 का निपटारा किया जा चुका है।
उन्होंने कहा कि गत माह प्रदेश से 180 तबलीगी जमात के लोगों द्वारा दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम में भाग लिया था। पुलिस ने इनके संपर्क में आए 1107 लोगों की पहचान की और उन सभी को क्वारंटाईन किया गया। 

राज्यपाल ने कहा कि पुलिस प्रशासन ने प्रदेश में जिस तरह स्थिति को संभाला हुआ है और सभी जवान कोरोना काल में अपनी ड्यूटी को मुस्तैदी से निभा रहे हैं, वह प्रशंसनीय है। इस कार्यप्रणाली से पुलिस की छवि और अच्छी हुई है और लोगों का विश्वास बढ़ा है। उन्होंने कहा कि इस समय सभी आपातकालीन सेवाओं वाले विभागों को समन्वय से कार्य करने की आवश्यकता है। विशेषकर, सही सूचना सरकार तक पहुंचे इसके लिए पंचायतीराज संस्थान, स्वास्थ्य, आंगनवाड़ी और पुलिस समन्वय से कार्य करें। दूसरे राज्यों से आने वाले व्यक्तियों की पूरी जानकारी और उन पर नजर रखी जानी चाहिए, ताकि सभी एहतियाती उपाये किए जा सकें और कोई भी नया मामला सामाने न आये। उन्होंने कहा कि कोविड-19 को हल्के में नहीं लिया जा सकता है। आज दूसरे राज्य इस से जूझ रहे हैं, इसलिए राज्य को भी और सतर्क रहने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि प्रदेश से बाहर और अंदर आने-जाने वालों का डाटा भी रखा जाना चाहिए। आरोग्य सेतू एप्प की अनिवार्यता और इसके अनुश्रवण की भी आवश्यकता है। राज्यपाल के सचिव श्री राकेश कंवर भी इस अवसर पर उपस्थित थे।

By admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *