Spread the love

डाक विभाग ने ‘स्पीड, सेफ्टी और स्माइल’ के लिए शुरू किए कई तकनीकी नवाचार  

हिमाचल में घर-द्वार तक पहुंच रही डाक विभाग की सेवाएं 

माइक्रो एटीएम से बिना बैंक जाए घर बैठे निकाल सकते हैं पैसे 

शिमला। हिमाचल प्रदेश में अब लोगों को डाक विभाग की सेवाओं के लिए दूरदराज तक जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी, बल्कि अब उन्हें अपने घर के दरवाजे पर ही सभी सुविधाएं उपलब्ध हो रही हैं। इनमें इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक के भुगतान से लेकर पेंशनधारकों का जीवन प्रमाण पत्र भी शामिल है। यह बात शुक्रवार को हिमाचल प्रदेश परिमंडल के मुख्य पोस्टमास्टर जनरल संजय सिंह ने कही। वे यहां प्रेस कांफ्रेंस में बोल रहे थे।

संजय सिंह ने बताया कि हिमाचल प्रदेश में करीब 2800 पोस्ट ऑफिस हैं जो 2 लाख से अधिक लोगों को सेवाएं प्रदान कर रहे हैं। राज्य में करीब 2500 लोगों पर या 20 किमी. के दायरे में एक पोस्ट ऑफिस मौजूद हैं। डाक विभाग की नई पहल का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि अब डाकघर न केवल पासपोर्ट कार्यालय का काम करने लगे हैं, बल्कि बच्चों को निशुल्क आधार पंजीयन की सेवा भी प्रदान कर रहे हैं। इसके अलावा आम लोगों को की सुविधा के लिए डाक चौपाल जैसे आयोजन भी किए जा रहे हैं। डाक विभाग का सबसे अधिक विस्तार ग्रामीण क्षेत्रों में है‌। इसलिए डाकिए के माध्यम से माइक्रो एटीएम सुविधा भी प्रदान की जा रही है, जिससे ग्रामीणों को बिना बैंक जाए घर बैठे पैसे निकालने की सुविधा मिल जाए‌। विभाग द्वारा महिला स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों को अन्य क्षेत्रों तक भेजने के लिए भी कदम उठाए जा रहे हैं। 

संजय सिंह ने कहा कि भारतीय डाक विभाग ने 6 से 10 अक्टूबर तक राष्ट्रीय डाक सप्ताह मनाया। इस दौरान प्रौद्योगिकी दिवस, वित्तीय समावेशन दिवस, डाक टिकटों पर चर्चा, ग्राहक केंद्रित सेवा दिवस, विश्व डाक दिवस और ग्राहक दिवस जैसे विभिन्न आयोजन हुए। इन कार्यक्रमों का उद्देश्य आम लोगों को डाक विभाग की कार्यप्रणाली की जानकारी देना और डाक विभाग की सेवाओं को लोगों तक पहुंचाना था।

संजय सिंह ने बताया कि डाक विभाग अब सिर्फ पारंपरिक पत्रवाहक नहीं रहा, बल्कि बैंकिंग, बीमा, और सरकारी सेवाओं के एक भरोसेमंद और सुलभ केंद्र के रूप में विकसित हुआ है, जो हिमाचल प्रदेश के दूरस्थ और सुदूर कोनों तक पहुंच रहा है। उन्होंने बताया कि हिमाचल की चुनौतीपूर्ण भौगोलिक परिस्थितियों को देखते हुए, परिमंडल ने अपनी सेवाओं को ग्राहक-केंद्रित और प्रभावी बनाने के लिए कई निर्णायक कदम उठाए हैं। डाक विभाग की आधार एनेबल्ड पेमेंट सिस्टम सुविधा का उल्लेख करते हुए मुख्य पोस्ट मास्टर जनरल ने बताया कि इस सेवा के उपयोग में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में लोग आसानी से घर पर ही नकद निकासी कर पा रहे हैं। इसी तरह वृद्धावस्था पेंशन जैसी सामाजिक सुरक्षा योजनाओं की राशि लाभार्थियों को घर पर वितरित की जा रही है, जिससे उन्हें लंबी दूरी की यात्रा से मुक्ति मिली है।

उन्होंने बताया कि हिमाचल परिमंडल अपने डाकघरों को पूरी तरह से डिजिटल बनाने की प्रक्रिया में तेजी ला रहा है। एडवांस पोस्टल टेक्नॉलॉजी को लागू करने से डाक का वितरण और ट्रैकिंग अधिक पारदर्शी और तेज़ हो गई है। ग्राहक अब अपने पार्सल और स्पीड पोस्ट को वास्तविक समय में ट्रैक कर सकते हैं, जिससे सेवाओं पर उनका विश्वास और मजबूत हुआ है। 

संजय सिंह ने बताया कि सरकारी सेवाओं को एक ही छत के नीचे लाया गया है और डाकघरों को सिंगल विंडो सिस्टम या एकल खिड़की प्रणाली के रूप में विकसित किया गया है। नागरिक अब डाकघर में ही आधार कार्ड अपडेट, पासपोर्ट आवेदन और जीवन प्रमाण पत्र जमा करने जैसी सरकारी सेवाओं का लाभ उठा सकते हैं। यह सुविधा विशेष रूप से उन दूरदराज के क्षेत्रों के लिए अत्यंत लाभकारी सिद्ध हुई है, जहाँ सरकारी कार्यालय दूर स्थित हैं।

By admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *