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केन्द्रीय विद्यालय घुमारवीं के लिए 25 बीघा भूमि स्थानांतरित, साढ़े चार करोड़ से बनेगा खेल परिसर 

ग्राम पंचायत घुमारवीं के टकरेड़ा में जन समस्याएं सुनने के दौरान तकनीकी शिक्षा मंत्री ने दी जानकारी

बिलासपुर। नगर एवं ग्राम नियोजन, आवास, तकनीकी शिक्षा, व्यावसायिक और औद्योगिक प्रशिक्षण मंत्री राजेश धर्माणी ने कहा कि घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत करयालग में लगभग 64 करोड़ रूपये की लागत से 132 के.वी. विद्युत सब स्टेशन स्थापित किया जाएगा। राजेश धर्माणी शुक्रवार को घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत घुमारवीं के टकरेड़ा में जन समस्याएं सुनने के दौरान बोल रहे थे। 

धर्माणी ने कहा कि घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र में बिजली की कम वोल्टेज की समस्या के स्थाई समाधान के लिए 33 के.वी. के 2 विद्युत उपकेंद्र स्थापित किये जा रहे हैं, जिनकी टेंडर प्रक्रिया को पूर्ण कर लिया गया है। उन्होंने कहा कि बम्म विद्युत उपकेंद्र पर लगभग 10 करोड़ रूपये तथा घुमारवीं विद्युत उपकेंद्र पर भी लगभग इतनी ही धनराशि व्यय होगी।

राजेश धर्माणी ने कहा कि कांगू-कंदरौर 33 के.वी. लाइन के रिकंडक्टिंग कार्य पर लगभग 5 करोड़ रूपये तथा 132 के.वी. सबस्टेशन से नई 33 के.वी. कोटला-झंडुता-बरठीं नई लाइन पर लगभग 7 करोड़ रूपये व्यय किये जाएंगे। इसके अतिरिक्त जिला में तीन नए 33 के.वी. विद्युत सब स्टेशन को स्वीकृति मिल गई है जिनमें बडोल देवी, जैजवीं तथा चलैहली शामिल है। उन्होंने कहा कि घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र में 140 नए विद्युत ट्रांसफार्मर स्थापित किये जा रहे हैं जबकि 200 ट्रांसफार्मर का सुधारीकरण कार्य किया जा रहा है। जिससे आने वाले समय में घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र की विद्युत समस्या का आगामी 25 वर्षों तक स्थाई समाधान हो जाएगा।  

तकनीकी शिक्षा मंत्री ने कहा कि घुमारवीं के सिविल कोर्ट कम्लेक्स के समीप लगभग 25 बीघा भूमि केंद्रीय विद्यालय निर्माण के लिए वन विभाग द्वारा स्थानांतरित कर दी गई है तथा आने वाले समय में यहां स्कूल का भव्य भवन बनकर तैयार होगा जिससे विद्यार्थियों को बेहतर शिक्षा सुविधा सुनिश्चित होगी। उन्होंने कहा कि घुमारवीं में ही लगभग साढ़े चार करोड़ रूपये की लागत से खेल परिसर का निर्माण किया जाएगा जिसके लिए भी 20 बीघा भूमि युवा सेवा एवं खेल विभाग के नाम कर दी गई है। उन्होंने कहा कि घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र में पेयजल समस्या के व्यापक समाधान के लिए सतलुज से तीन पेयजल आपूर्ति योजनाओं का निर्माण कार्य जारी है तथा ये परियोजनाएं भी जल्द ही लोगों को समर्पित की जाएंगी।

राजेश धर्माणी ने कहा कि भारी बरसात के कारण हिमाचल प्रदेश को लगभग 5 हजार करोड़ रुपये का नुकसान आंका गया है। मानसून आपदा के दौरान प्रदेश में लगभग 450 लोगों की असमय मृत्यु हुई है। उन्होंने कहा कि घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र में भी लगभग 40 कच्चे व पक्के घर पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हुए हैं। इसके अतिरिक्त पशुशालाओं सहित अन्य संपति को भी भारी नुकसान हुआ है। प्रदेश सरकार प्रत्येक आपदा पीड़ित के साथ खड़ी है तथा हरसंभव सहायता प्रदान करने के प्रयास किये जा रहे हैं। उन्होंने स्थानीय लोगों द्वारा आपदा राहत कोष में उदारता से अंशदान देने के लिए लोगों का आभार जताया तथा कहा कि सभी के सामूहिक प्रयासों से ही प्रदेश सरकार प्रत्येक आपदा पीड़ित तक सहायता पहुंचाने में सफल हो पा रही है।

उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र में भारी बरसात के कारण क्षतिग्रस्त सड़कों के लिए 57 करोड़ तथा पेयजल आपूर्ति योजनाओं के लिए 15 करोड़ रूपये स्वीकृत किये हैं।

उन्होंने घुमारवीं पंचायत में हुए विकास कार्यों की चर्चा करते हुए कहा कि तरौंतड़ा सड़क के टारिंग कार्य पर लगभग 25 लाख रुपये व्यय किये हैं। साथ ही पंचायत में लगभग सात लाख रुपये की लागत से दो वर्षा शालिकाओं का निर्माण किया गया है। उन्होंने सामुदायिक भवन टकरेड़ा तथा तरौंतड़ा के निर्माण कार्य के लिए धनराशि स्वीकृत करने की मांग पर कहा कि जैसे ही भूमि विभाग के नाम उपलब्ध होगी यथासंभव धनराशि मुहैया करवा दी जाएगी।

इस दौरान उन्होंने जन समस्याएं सुनीं तथा अधिकारियों को जल्द समस्याओं के समाधान करने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि ग्रामीण स्तर लोगों की समस्याओं का समाधान करना प्रदेश सरकार की प्राथमिकता है। इसी दृष्टिकोण के साथ वह लगातार पंचायत एवं ग्रामीण स्तर पर लोगों से सीधा संवाद स्थापित कर समस्याओं के समाधान के लिए निरंतर प्रयासरत हैं।

इससे पहले स्थानीय पंचायत प्रधान अनीता कुमारी ने तकनीकी शिक्षा मंत्री का स्वागत करते हुए पंचायत में हुए विभिन्न विकास कार्यों की विस्तृत जानकारी दी तथा विभिन्न समस्याओं से अवगत करवाया।

By admin

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