कांगड़ा। हिमाचल प्रदेश के पूर्ण राज्यत्व दिवस एवं मतदाता दिवस को प्रदेश कांग्रेस महासचिव केवल सिंह पठानिया ने शाहपुर विधानसभा की जनता के साथ मनाया। इस मौके पर केवल सिंह पठानिया ने कहा कि आज ही के दिन वर्ष 1971 में हिमाचल प्रदेश, भारत का 18वां राज्य बना था और हिमाचल प्रदेश को पूर्ण राज्य का दर्जा मिला था। दरअसल, हिमाचल का गठन 15 अप्रैल 1948 को किया गया था, लेकिन उस समय का हिमाचल बेहद छोटा था। हिमाचल में केवल 4 जिले थे। ज्यादातर पहाड़ी इलाके पंजाब में थे। 1 नवंबर 1956 को हिमाचल को केंद्र शासित प्रदेश घोषित किया गया था। इसके 10 साल बाद 1 नवंबर 1966 को हिमाचल को वर्तमान भौगोलिक स्वरूप मिला था। इसके पांच साल बाद हिमाचल को पूर्ण राज्य का दर्जा मिला।
पठानिया ने कहा कि भारत में राष्ट्रीय मतदाता दिवस हर साल 25 जनवरी को मनाया जाता है। यह दिवस भारत के प्रत्येक नागरिक के लिए अहम है। दूसरी ओर मतदान दिवस भी इस दिन भारत के प्रत्येक नागरिक को अपने राष्ट्र के प्रत्येक चुनाव में भागीदारी की शपथ लेनी चाहिए, क्योंकि भारत के प्रत्येक व्यक्ति का वोट ही देश के भावी भविष्य की नींव रखता है। इसलिए हर एक व्यक्ति का वोट राष्ट्र के निर्माण में भागीदार बनता है। भारत में जितने भी चुनाव होते हैं, उनको निष्पक्षता से संपन्न कराने की जिम्मेदारी ‘भारत निर्वाचन आयोग’ की होती है। ‘भारत निर्वाचन आयोग’ का गठन भारतीय संविधान के लागू होने से 1 दिन पहले 25 जनवरी 1950 को हुआ था, क्योंकि 26 जनवरी 1950 को भारत एक गणतांत्रिक देश बनने वाला था और भारत में लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं से चुनाव कराने के लिए निर्वाचन आयोग का गठन जरूरी था इसलिए 25 जनवरी 1950 को ‘भारत निर्वाचन आयोग’ गठन हुआ।
पठानिया ने प्रदेश के विभिन्न सभी विभागों के आउटसोर्स कर्मचारियों की उठाई मांग
केवल पठानिया ने कहा कि भाजपा सरकार की करनी और कथनी ने बहुत फर्क है। क्योंकि 2017 के चुनावों में भाजपा पार्टी ने आउटसोर्स कर्मचारियों को आश्वासन दिया था कि जैसे ही भाजपा सरकार सत्ता में आएगी, आउटसोर्स कर्मचारियों के लिए नियमित नीति बनाएंगे। सत्ता हासिल करने के बाद आज चार साल बीत जाने के बाद भी इन आउटसोर्स कर्मचारियों की अनदेखी हुई है और प्रदेश सरकार ने इन कर्मचारियों के साथ धोखा किया है। दूसरी तरफ अगर किसी आउटसोर्स कर्मचारी को दस हजार वेतन मिल रहा है तो वो भी पूरा नहीं दिया जा रहा है, क्योंकि कम्पनी आउटसोर्स कर्मचारियों का प्रदेश सरकार के नाक के नीचे शोषण कर रही है। पठानिया ने कहा कि जल्द से जल्द प्रदेश सरकार आउटसोर्स कर्मचारियों के साथ किया वायदा पूरा करें। इस मौके पर उप प्रधान इंदर जीत, उप प्रधान सुरिंदर जम्वाल, रीना पठानिया, पूर्व ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष अश्वनी चौधरी, रविंदर सिंह, रजनीश कुमार, प्रकाश पठानिया, रमेश पठानिया, प्रेम चंद चौधरी, पवन कुमार, ललिता देवी, अमन धीमान जयराम चौधरी, विकास चौधरी, अमर सिंह, जनम सिंह, शशि मेहता, रिशु चंबियाल, शेर सिंह, बलराज चंबियाल, जतिंदर चंबियाल, हरीश शर्मा, सुदर्शन बिट्टू, उषा शर्मा, सुनीता मेहता, नीलम डोगरा, जानवी महाजन, पारस राम आदि गणमान्य स्थानीय जनता मौजूद थे।
