शिमला। हिमाचल प्रदेश राज्य लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष व सदस्यों की नियुक्ति के बाद शपथ ग्रहण समारोह टलने पर हिमाचल कांग्रेस मुखर हो गई है। शपथ ग्रहण समारोह टलने पर कांग्रेस ने सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं। कांग्रेस विधायक एवं प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव विक्रमादित्य सिंह ने आरोप लगाया है कि फैसले लेकर उन पर कायम न रहने से सरकार की विश्वसनीयता व कार्यशैली पर सवालिया निशान लगा है। उन्होंने आरोप लगाया कि फैसले लेकर पलटने में जयराम सरकार माहिर है।
विक्रमादित्य सिंह ने शनिवार को यहां प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि सरकार ने पहले राज्य लोक सेवा आयोग में अध्यक्ष व तीन सदस्यों की नियुक्ति की अधिसूचना जारी की। उन्होंने कहा कि अधिसूचना के बाद सरकार ने शपथ ग्रहण समारोह नहीं किया। इससे सरकार की लचर कार्यप्रणाली की पोल खुली है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को प्रदेश के लोगों को इसके कारणों को स्पष्ट करना चाहिए। उन्होंने कहा कि हालांकि कांग्रेस इन नियुक्तियों के खिलाफ थी, लेकिन यदि सरकार ने ऐसा कोई निर्णय ले लिया था तो उसे पूरा किया जाना चाहिए था। उन्होंने कहा कि आयोग के अध्यक्ष पद पर एक महिला की नियुक्ति की अधिसूचना जारी करना और अंतिम समय पर उसे रोकने से भाजपा का महिला विरोधी चेहरा सामने आ गया है।
विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि वह पहले कई बार इस सरकार को पलटू राम की संज्ञा देते रहे हैं और अब फिर से इस पर मुहर लग गई है। उन्होंने कहा कि जयराम सरकार हर क्षेत्र में विफल रही है। उन्होंने कहा कि कोविड काल में भी मुख्यमंत्री अपने कई फैसलों को पलटते रहे हैं। यह सरकार की अकुशलता को दर्शाता है और यह तब होता है जब सरकार का मुखिया कमजोर हो। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की सरकार पर कोई पकड़ ही नहीं है।
विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि आज प्रदेश में लोग भाजपा की जयराम सरकार से परेशान हैं। उन्होंने कहा कि किसान हो या बागवान, आम आदमी हो या कारोबारी, युवा हो या कर्मचारी, सब उपेक्षा का शिकार हैं। उन्होंने कहा कि सेब बागवान बर्बादी के कगार पर खड़े हैं और सरकार किसी के प्रति कतई गम्भीर नहीं है। उन्होंने मुख्यमंत्री पर आरोप लगाया कि वह अपनी चुनाव रैलियों में मस्त हैं और प्रदेश में भारी बारिश के चलते जगह-जगह लोग हादसों का शिकार हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में भारी बारिश के चलते जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। सड़कें अवरुद्ध हो गई हैं, लेकिन सरकार को इसकी कोई चिंता नहीं है।
विक्रमादित्य सिंह ने प्रदेश सरकार पर तंज कसा कि वह नागपुर, नाभा, जयपुर और दिल्ली के रिमोट से चल रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में पहली बार किसी मुख्यमंत्री ने अपने कार्यकाल के दौरान 7 मुख्य सचिव बदले, डीजीपी बदले और कई अन्य वरिष्ठ अधिकारियों की अदला-बदली चलती रही है और यह क्रम जारी है।
विधानसभा चुनावों में पूर्ण बहुमत से अपनी सरकार बनाएगी कांग्रेस – विक्रमादित्य
विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि एक-दो नेताओं के पार्टी छोड़ने से कांग्रेस कमजोर नहीं होगी और न ही कार्यकर्ताओं में किसी मनोबल की कोई कमी होगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पूरी सक्रियता से खड़ी है और आगामी विधानसभा चुनावों में पूर्ण बहुमत से अपनी सरकार बनाएगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस अपने घोषणा पत्र में किए गए सभी वादों को पूरा करेगी। उन्होंने कहा कि महिला उत्थान और युवाओं के लिए विशेष योजनाएं लागू होगी। विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनने के बाद प्रदेश को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में विशेष कार्य किया जाएगा।
