Spread the love

शिमला। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश सरकार, कोरोना महामारी के दौरान आवश्यक वस्तुओं की जमाखोरी व मुनाफाखोरी में संलिप्त लोगों के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई करने से संकोच नहीं करेगी। उन्होंने कहा कि खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग को प्रदेश में आवश्यक वस्तुएं अधिनियम के प्रावधानों को प्रभावी तरीके से कार्यान्वित कर उचित मूल्य पर आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता तथा गैर कानूनी गतिविधियों को रोकना सुनिश्चित करना चाहिए। वे शुक्रवार को शिमला से वर्चुअल माध्यम से खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग तथा हिमाचल प्रदेश राज्य आपूर्ति निगम लिमिटेड के अधिकारियों के साथ बैठक कर रहे थे। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि विभाग को उपभोक्ताओं के लिए उचित मूल्य पर आवश्यक वस्तुओं की सुचारू आपूर्ति सुनिश्चित करनी चाहिए तथा व्यापारियों द्वारा जमाखोरी व मुनाफाखोरी को रोकने के लिए सुधारात्मक कदम उठाने चाहिए। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत एक राष्ट्र-एक राशन कार्ड योजना लागू करने वाला हिमाचल प्रदेश देश के अग्रणी राज्यों में से एक है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने पिछले वर्ष 6 जनवरी से इंट्रास्टेट राशन कार्ड पोर्टेबिलिटी की सुविधा आरम्भ की है। उन्होंने कहा कि इससे उपभोक्ताओं को आवश्यक वस्तुएं उनके सुविधाजनक स्थान पर प्राप्त करने में सहायता मिलेगी।जयराम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश सरकार ने राज्य में अवैध व्यापारिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए अप्रैल, 2021 से हिमाचल प्रदेश होर्डिंग एण्ड प्रोफिटियरिंग प्रिवेंशन आर्डर-1977, हिमाचल प्रदेश कमोडिटिज़ प्राइस मार्किंग एंड डिस्प्ले ऑर्डर-1977 तथा हिमाचल प्रदेश ट्रेड आर्टिक्लस (लाईसेंसिंग एण्ड कन्ट्रोल) आर्डर-1981 को लागू किया है। उन्होंने कहा कि यह आदेश इस वर्ष 31 अक्टूबर तक प्रभावी रहेंगे। व्यापारियों को मुनाफाखोरी तथा जमाखोरी करने से रोकने के लिए पिछले लगभग एक माह में 4638 निरीक्षण किए गए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में लक्षित जन वितरण प्रणाली को 5028 उचित मूल्य की दुकानों के माध्यम से 19,17,302 राशनकार्ड धारकों की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए प्रभावी रूप से कार्यान्वित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि राज्य उपदान योजना के तहत सभी राशनकार्ड धारकों को उपदान दरों पर तीन दालें, नमक, चीनी तथा खाद्य तेल उपलब्ध करवाया जा रहा है।

मई व जून माह के लिए प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना-3 के तहत प्रति व्यक्ति, प्रति परिवार 2 किलो चावल, 3 किलो गेहूं मुफ्त दिया जा रहा
 मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत आने वाले सभी परिवारों को दो माह (मई व जून, 2021) के लिए प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना-3 के तहत प्रति व्यक्ति प्रति परिवार 2 किलो चावल तथा 3 किलो गेहूं मुफ्त प्रदान किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि मई, 2021 के लिए उचित मूल्य के दुकानधारकों ने लगभग 5606.06 मीट्रिक टन चावल और 8368 मीट्रिक टन गेहूं प्राप्त कर लिया है। उन्होंने कहा कि विभाग ने प्रदेश के किसानों से लगभग 5400 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद की है। उन्होंने विभाग तथा निगम के अधिकारियों को आम जनता की सुविधा के लिए महामारी के दौरान अतिरिक्त निगरानी बरतने के आदेश दिए।
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री राजिन्द्र गर्ग ने बिलासपुर से वर्चुअल माध्यम से बैठक में भाग लेते हुए कहा कि विभाग उपभोक्ताओं को आवश्यक वस्तुओं की समुचित एवं निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित कर रहा है। उन्होंने मुख्यमंत्री को भरोसा दिलाया कि विभाग उनकी आकांक्षाओं के अनुरूप कार्य करने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ेगा। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति के प्रधान सचिव रजनीश ने उपभोक्ताओं के कल्याण के लिए विभाग तथा निगम द्वारा उठाए जा रहे कदमों की विस्तृत जानकारी दी। हिमाचल प्रदेश राज्य नागरिक आपूर्ति निगम की निदेशक मानसी सहाय ठाकुर ने निगम की उपलब्धियों के बारे में विस्तृत जानकारी दी। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग के निदेशक राम कुमार गौतम ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया। मुख्यमंत्री के सलाहकार डाॅ. आरएन बत्ता तथा प्रदेश सरकार के अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी इस अवसर पर उपस्थित थे। 

By admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *