शिमला। नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से देश के किसानों से माफी मांगने की मांग की है। उन्होंने कहा है कि प्रधानमंत्री से लेकर मुख्यमंत्री को इन बिलों को वापस लेने से पहले पूरे देश से माफी मांगनी चाहिए थी। उन्होंने कहा कि इन बिलों को तत्काल लोकसभा का सत्र बुलाकर वापस लेना चाहिए और किसानों को राहत देनी चाहिए। उन्होंने कहा कि एक साल से किसान लगातार सड़कों पर थे। उन्होंने कहा कि इस आंदोलन में सैकड़ों किसानों की जान चली गई और प्रधानमंत्री को अब याद आ रहा है कि यह कृषि कानून किसानों के हक में नहीं थे।
अग्निहोत्री ने कहा कि आज ये बिल इसलिए वापस लिए, क्योंकि भाजपा को उपचुनावों में पूरे देश में हार मिली है और अब भाजपा को अगले चुनावों में पूरे देश में हार दिख रही है। उन्होंने कहा कि इस हार से बचने के लिए भाजपा ने इन कानूनों को वापस लिया है। उन्होंने कहा कि भाजपा की सरकार चाहे प्रदेश हो या देश इन्हें किसी भी वर्ग से कोई लेना-देना नहीं, यह सिर्फ चुनाव की राजनीति करते हैं। अब चुनाव दिख रहे हैं तो ये कानून वापस ले लिए। उन्होंने मांग की कि केंद्र सरकार तत्काल लोकसभा का सत्र बुलाकर इन बिलों को वापस ले। उन्होंने इसे जय जवान जय किसान की जीत करार दिया।
मुकेश ने कहा कि इस बार जय जवान जय किसान की जीत हुई है। उन्होंने कहा कि आजादी में महात्मा गांधी व जवाहर लाल नेहरू ने जो अधिकार भारत की जनता को दिया है। भारत की जनता ने इस अधिकार के दम पर आंदोलन कर इन कानूनों को वापस लेने के लिए मोदी सरकार को झुकाया है। उन्होंने कहा कि हिमाचल के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर आज जहां कहीं भी हैं उन्हें वहां प्रदेश के किसानों से माफी मांगनी चाहिए।
