शिमला। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता ठियोग के विधायक कुलदीप सिंह राठौर ने आरोप लगाया है कि आज देश में भाजपा ने चुनाव आयोग की निष्पक्षता व इसकी संवैधानिक वैधता को तार-तार कर दिया है। उन्होंने कहा कि एसआईआर के नाम पर देश के 13 करोड़ से अधिक मतदाताओं को उनके मत के अधिकार से वंचित करना इसे देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था व संविधान की चोरी है जिसे कभी सहन नहीं किया जा सकता।
राठौर, बुधवार को कोटगढ़ में ब्लॉक कांग्रेस कमेटी की बैठक में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने भाजपा के साथ मिलकर देश के लोकतंत्र की वोट चोरी का काम किया है। इसलिए उन पर देशद्रोह का मामला बना कर उन्हें इस पद से बर्खास्त किया जाना चाहिए।
राठौर ने कहा कि नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी आज देश में लोकतंत्र व संविधान को बचाने के लिये एक बहुत बड़ी लड़ाई लड़ रहे हैं। इस लड़ाई में देश प्रदेश के सभी लोगों को उनका साथ देने के लिये आगे आना होगा। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग भाजपा के इशारे पर काम कर रहा है। देश में चुनी हुई विपक्षी दलों की सरकारों को अस्थिर करना भाजपा की नीति रही है। अब वोट चोरी कर उसने देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था की चोरी शुरू कर दी है।

राठौर ने लोगों का आह्वान किया कि वह अपने मताधिकार का सदुपयोग करते हुए अपने वोट के अधिकार को जाने और कांग्रेस पार्टी की मजबूती के लिए एकजुट होकर कार्य करें।
इस दौरान जिला कांग्रेस कमेटी ग्रामीण के अध्यक्ष हरिकृष्ण हिमराल ने कहा कि शिमला जिला में भाजपा के वोट चोरी के विरोध में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष विनय कुमार के दिशानुसार प्रदेशभर में लोगों को उनके मताधिकार का प्रति जागरूक करने का विशेष अभियान चलाया गया है। उन्होंने आज की बैठक में उपस्थित ठियोग के विधायक कुलदीप सिंह राठौर का विशेष तौर पर आभार व्यक्त करते हुए कहा कि कांग्रेस जिला ग्रामीण के सभी ब्लॉकों मे भाजपा के वोट चोरी के खिलाफ लोगों को जागरूक करते हुए विरोध प्रदर्शन करेगी।
बैठक और आज के धरना प्रदर्शन में पूर्व डीसीसी शिमला ग्रामीण अध्यक्ष सुधीर भैक, बीसीसी ठियोग अध्यक्ष संजय शर्मा के अतिरिक्त ममता ठाकुर, भूपेंद्र कौशल, प्रेम कैंथला, मजेंद्र राजटा, कृतिका नेगी, नवीन कल्टा, सतीश भैक, मीरा शर्मा, संगीता, रंजना, संजीव, कृष्ण पाल, टेक चंद भैक, रूपेश कंवल, प्रकाश शर्मा, संदीप भारद्वाज, ज्ञान, शीतल भैक, लाल चंद चंदेल, शर्मिला भैक, घनश्याम व कई पार्टी पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद थे।
बाद में हरिकृष्ण हिमराल नेतृत्व में कोटगढ़ के तहसीलदार को देश के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को उनके पद से हटाने के लिए देश के राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन सौंपा गया।
